गोंडा। शीतलहर को देखते हुए जिलाधिकारी मार्कंडेय शाही ने मंगलवार को जिले के सभी उपजिलाधिकारियों, अधिशासी अधिकारियों व आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अधिकारियों को रैन बसेरों को तत्काल तैयार कराने के निर्देश दिए हैं। डीएम ने इन अधिकारियों को व्हाट्सएप पर जलते अलाव व कंबल वितरण की फोटो आपदा प्रबंध विभाग को भेजने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी ने सख्त निर्देश दिए हैं कि जिले के सभी रैन बसेरों में समस्त मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। कंबल, शौचालय और पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, साथ ही अलाव जलाने की व्यवस्था शुरू की जाए। कहा कि समस्त तहसीलों में जरूरतमंदों को कंबल वितरित किया जाए तथा कंबल वितरण एवं अलाव जलाने की तस्वीरें रोजाना व्हाट्सएप के माध्यम से आपदा प्रबंधन विभाग को उपलब्ध कराई जाए। इस कार्य में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन जिन स्थलों पर अलाव जलाए जा रहे हैं उसकी रोजाना फोटो और सूचना उन्हें उपलब्ध कराई जाय। उन्होंने सीएमओ को निर्देश दिए कि शीतलहर को देखते हुए सभी सीएचसी, पीएचसी और सब सेंटर्स पर आवश्यक दवाओं की उपलब्धता प्रत्येक दशा में सुनिश्चित कराएं। अस्पतालों में भी स्थापित रैन बसेरों में समुचित प्रबंध सुनिश्चित किया जाए। बढ़ते हुए ठंड के मद्देनजर यह भी आदेश दिए हैं कि जिले में संचालित सभी स्थायी व अस्थायी गो आश्रय केंद्रों पर गोवंशों के संरक्षण के लिए सभी सुविधाएं जैसे जूट के बोरे, भूसा व हरा चारा पेयजल आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करा ली जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि कोरोना के नए वेरिएंट के केसेज प्रदेश में बढ़ रहे हैं, इसके मद्देनजर पीकू वार्ड, कोविड हॉस्पिटल को तैयार रखा जाए। इमरजेंसी में कोई तकनीकी खराबी न आने पाए और आवश्यकता पड़ने पर आक्सीजन का उत्पादन किया जा सके। उन्होंने निर्देश दिए कि लोगों को कोरोना के नए वैरिएंट से बचाव व सतर्क करने के लिए नगर निकायों व पुलिस विभाग सहित अन्य विभागों में स्थापित पब्लिक ऐड्रेस सिस्टम के माध्यम से जागरूक किया जाए एवं तत्काल प्रभाव से कोविड कंट्रोल रूम को सक्रिय कर दिया जाए।