गोंडा। शीतकालीन अवकाश के बाद परिषदीय स्कूलों में फिर से पढ़ाई शुरू हो गई है। 2611 स्कूलों में डेढ़ लाख के करीब छात्र सोमवार को स्कूल नहीं आए। वहीं पहले दिन शैक्षिक योजना तैयार करने के साथ ही अवकाश के समय दिए गए होमवर्क को शिक्षकों ने परखा। छात्रों की कम उपस्थिति पर स्कूल आए छात्रों और शिक्षकों से कहा गया कि न आने छात्रों को प्रेरित कर मंगलवार को उन्हें ले आएं।
बीते 16 दिनों से परिषदीय स्कूलों में शीतकालीन अवकाश था। सोमवार को भी अवकाश का असर दिखा। छात्रों की संख्या कम रही। जिले में परिषदीय स्कूलों में करीब चार लाख 21 हजार बच्चे पढ़ते हैं। पहले दिन का ज्यादातर समय तैयारियां में बीता। परसपुर के पूर्व माध्यमिक स्कूल जानकीनगर में 180 छात्रों में 50 ही स्कूल पहुंचे, इसी तरह करनैलगंज कंपोजिट स्कूल में भी छात्रों की संख्या कम ही रही।
इसी तरह पूरे जिले में छात्रों की संख्या कम ही रही। बीएसए अखिलेश प्रताप सिंह ने शिक्षकों को निपुण लक्ष्य हासिल करने के लिए अभी से कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। बीएसए ने शिक्षकों को प्रेरित किया है कि वह छात्रों से संपर्क कर उन्हें स्कूल आने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने बताया कि पहला दिन होने से कुछ दिक्कत रही, मंगलवार से पढ़ाई की व्यवस्था में सुधार होगा।
बेसिक शिक्षा विभाग रसोइयों को मानदेय समय से नहीं दे पा रहा है। 7600 रसोइयों का एक माह का मानदेय सोमवार को जारी हुआ है। यह भी अक्तूबर 2022 का है। अभी भी तीन महीने का मानदेय बाकी है। एमडीएम के जिला समन्वयक गणेश गुप्त का कहना है कि बजट मिलते ही आगे का मानदेय दे दिया जाएगा।