गोंडा। निकाय चुनाव में आरक्षण के बाद साफ हुई चुनावी तस्वीर के बाद सपा व भाजपा से चुनावी टिकट पाने का घमासान तेज हो गया है। सबसे ज्यादा भीड़ सत्ताधारी भाजपा से चुनाव लड़ने को लेकर दिख रही है। इसके चलते ही दावेदार अपना दमखम दिखाने के लिए अब दिल्ली से लखनऊ तक की दौड़ लगाने से भी गुरेज नहीं बरत रहे। गोंडा में संगठन से जुड़े कई दावेदार भी पार्टी की मुश्किलें बढ़ा रहे हैं। निकाय चुनाव को लेकर यहां के दोनों सांसदों का विशेष रुझान भी खासी चर्चा में है। दोनों सांसद के करीबी भी चुनावी जंग में कूदने की तैयारी में जुटे हैं।
नवाबगंज में कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह के भाई के पुत्र सुदीप भूषण शरण सिंह की पत्नी डॉ. निशी सिंह का नाम भी चेयरमैन पद के जोर शोर से चल रहा है। वर्तमान में सांसद के करीबी सत्येंद्र सिंह ही यहां से चेयरमैन हैं। आरक्षण बाद यहां की सीट महिला कोटे में आ जाने के बाद अब सभी की निगाहें सांसद के फैसले पर टिकी दिखने लगी हैं। इसी तरह मनकापुर में भी चेयरमैन पद के लिए जोर आजमाइश काफी रोचक हो गई है। नगर पंचायत की सीट अनारक्षित हो जाने के बाद यहां राजघराने के करीबी का ही दबदबा कायम माना जा रहा है।
वर्तमान में प्रदीप गुप्ता गोंडा सांसद कीर्तिवर्धन सिंह के करीबी हैं। उनके साथ ही पूर्व चेयरमैन रामकृपाल सोनी के साथ ही कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह के करीबी सतीश विद्रोही के भी चुनाव मैदान में उतरने की तैयारियों ने परेशानी बढ़ा दी है। कटरा बाजार नगर पंचायत के विस्तार से कईयों की उम्मीदें जगी हैं। यहां से कटरा बाजार भाजपा विधायक बावन सिंह के भाई तिरपन सिंह के दावे से भाजपा से जुड़े लोगों में परेशानी दिखने लगी है। हालांकि विधायक के करीबी और संगठन से जुड़े अर्जुन प्रसाद तिवारी की दावेदारी अभी भी यहां खासी चर्चा में है।
तीनों नगर पालिकाओं में दावेदारों की भीड़
नगर पालिका परिषद गोंडा के अनारक्षित होने के बाद प्रत्याशी में होड़ मच गई है। भाजपा से अरुण कुमार शुक्ल की पत्नी माया शुक्ल पूर्व प्रत्याशी, राजेश राय चंदानी, भाजपा के जिला उपाध्यक्ष दीपक अग्रवाल, निर्मल श्रीवास्तव पूर्व चेयरमैन, भूपेंद्र आर्या, आनंद विक्रम सिंह उर्फ अन्नू भैय्या दावेदारी कर रहे हैं। वहीं कई और कार्यकर्त्ता भी तैयारी में जुट गए हैं। सपा में पूर्व चेयरमैन कमरूद्दीन अपनी बेटी व वर्तमान चेयरमैन उज्मा राशिद के साथ ही सपा नेता जेपी श्रीवास्तव भी अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं।
नगर पालिका परिषद नवाबगंज की सीट महिला होने से वर्तमान चेयरमैन सत्येंद्र सिंह तो चुनाव नहीं लड़ेंगे । उनकी जगह अब कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह के परिवार से जुड़ा कोई मैदान में होगा, इसे लेकर चर्चा का दौर तेज है। नगर पालिका परिषद करनैलगंज की सीट अनारक्षित होने से पार्टियों में घमासान मचा है। यहां भी भाजपा से पूर्व चेयरमैन रामजीलाल मोदनवाल के साथ ही अशोक सिंह, मोहित पांडेय, आशीष सोनी दावेदारी कर रहे हैं। जबकि सपा में वर्तमान चेयरमैन के पति व पूर्व चेयरमैन शमीम अच्छन की दावेदारी मजबूत मानी जा रही है।
सातों नगर पंचायतों में भी जोड़तोड़ तेज
नगर पंचायत कटरा बाजार की सीट अनारक्षित होने से दावेदारों में जोर अजमाईश तेज हो गई है। यहां भाजपा से अर्जुन प्रसाद तिवारी के साथ ही विधायक बावन सिंह के भाई तिरपन सिंह भी दावेदारी कर रहे हैं। इसके साथ ही सपा से मुजीबुल हसन उर्फ सुबराती वर्तमान चेयरमैन के साथ ही निसार अहमद भी दावा कर रहे हैं।
नव सृजित नगर पंचायत तरबगंज की सीट महिला के लिए आरक्षित की गई है। यहां भाजपा से टिकट पाने की होड़ सबसे अधिक है। वर्तमान में आठ प्रत्याशी चुनाव लड़ने की तैयारियों में जुटे हैं। इसके साथ ही नवगठित धानेपुर नगर पंचायत सीट अनारक्षित हो गई है वहीं बेलसर पिछडा वर्ग के लिए आरक्षित और खरगुपुर सीट अनारक्षित है।