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बिना काम कराए लाखों डकारे

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फोटो-2-गोंडा में तरबगंज के बनगांव में बनाई जा रही सीसी रोड। -संवाद - फोटो : GONDA
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तरबगंज (गोंडा)। विकासखंड के ग्राम पंचायत बनगांव में बिना कार्य कराए लाखों का बजट हड़पे जाने का मामला तूल पकड़ लिया है। इस प्रकरण की शिकायत आयुक्त सहित डीएम व सीडीओ से की गई है तो जांच के लिए दो सदस्यीय टीम गठित की गई है।
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बनगांव निवासी पंकज सिंह ने शिकायत में कहा कि पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान कराए जाने वाले विकास कार्य सिर्फ कागजों तक ही सीमित रहे जबकि धनराशि का बंदरबांट कर लिया गया। बताया कि खड़ंजा व आरसीसी रोड निर्माण, दिव्यांग शौचालय निर्माण, सामुदायिक शौचालय के रखरखाव, हैंडपंप रिबोर सहित विभिन्न मदों में आहरित की गई धनराशि को कागजों में कार्य दिखाकर हड़प लिया गया है। बाढ़ के दौरान लोगों को सहूलियत देने के लिए खरीदी जानी वाली चार नाव की रकम भी फर्जी तरीके से निकाल ली गई। इसके संबंध में ग्राम प्रधान व सचिव के खिलाफ मिली शिकायत का संज्ञान लेते हुए जिलाधिकारी ने दो सदस्यीय जांच टीम गठित कर जांच रिपोर्ट तलब की है।
जांच टीम में उपनिदेशक रेशम व अधिशासी अभियंता सरयू नहर खंड-चार को शामिल किया गया है। ग्राम प्रधान मनजीत सिंह का कहना है कि इस्टीमेट पहले का है। मजदूर न मिलने से काम रुका हुआ था। अब मजदूर मिल गए हैं, जिस पर कार्य शुरू कराया गया। प्रभारी बीडीओ अंबरीश सिंह ने कहा कि निर्माण कार्य रोक दिया गया है। जांच की जा रही है।
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जांच की भनक से शुरू कराया काम
जांच की भनक लगते ही संबंधित ग्राम प्रधान व सचिव को लगी तो आनन-फानन में अधूरे कार्यों को पूरा कराने में जुट गए हैं। शिकायतकर्ता पंकज सिंह ने बृहस्पतिवार को उच्च अधिकारियों को ट्वीट करने के साथ ही जन सुनवाई पर शिकायत दर्ज कराई है। कहा कि जांच से घबराए दोषियों ने खुद को निर्दोष साबित करने के लिए बुधवार को आरसीसी सड़क निर्माण तेजी से कराने लगे हैं जबकि इसका पैसा वर्षों पहले निकाल लिया गया था।
कोपभाजन के शिकार होते शिकायतकर्ता
विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायत करना कहीं-कहीं प्रतिनिधियों को नागवार गुजरता है। जिससे इनके कोपभाजन का शिकार शिकायत कर्ताओं को होना पड़ता है। बीते दिनों विकासखंड तरबगंज के ग्राम पंचायत चंदीपुर में विकास कार्यों में नियमों की अनदेखी की शिकायत की गई थी। बिना मस्टर रोल व वित्तीय स्वीकृति के मिट्टी पटाई कार्य कराने का आरोप लगाया गया था। रोजगार सेवक का आरोप है कि शिकायत से नाराज प्रधान प्रतिनिधि ने महिला प्रधान को बरगलाकर फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया है। जिसमें दर्ज मुकदमे को लेकर रोजगार सेवक व प्रधान संगठन के बीच वर्चस्व की जंग छिड़ी हुई है। (संवाद)
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