खरगूपुर (गोंडा)। थाना क्षेत्र के पचरन लोहारन पुरवा गांव में खाना पकाते समय चूल्हे से निकली चिन्गारी से छप्पर के घर में बृहस्पतिवार की सुबह अचानक आग लग गई। लपटें उठती देख खाना पका रही किशोरी घर के बाहर शोर मचाते हुए भागी। इस बीच उसकी तीन साल की बहन घर के अंदर ही रह गई। आग की चपेट में आने से मासूम जिंदा जल गई। लोगों ने किसी तरह उसे बाहर निकाला, मगर तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। आग की चपेट में आने से 10 लोगों के छप्पर के घर जल गए। अग्निशमन कर्मियों ने ढाई घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। पुलिस ने मासूम के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
पचरन लोहारन पुरवा निवासी मिंटू सोनकर पत्नी संग गांव में ही मजदूरी करने गया था। उसकी बड़ी बेटी मन्नी घर में चूल्हे पर खाना पका रही थी। पास में उसकी तीन साल की बहन रूबी बैठी थी। इसी बीच चूल्हे से निकली चिन्गारी से अचानक छप्पर में आग लग गई। लपटों को देखकर मन्नी शोर मचाती हुई घर के बाहर भागी। आग की चपेट में आने से रूबी की जलकर मौत हो गई।
आग की चपेट में आने से पड़ोस के हीरालाल सोनकर, पवन कुमार सोनकर, तिलकराम सोनकर, राम छबीले सोनकर, मेवालाल सोनकर, हरिलाल, राधेश्याम, बलवंत कुमार व धर्मवीर सोनकर के छप्पर के घर जल गए।
क्षेत्रीय लेखपाल बाबूराम ने बताया कि आग से बच्ची की मौत होने के संग ही साढ़े चार लाख की संपत्ति का नुकसान हुआ है। तहसील को रिपोर्ट भेज दी गई है। पुलिस क्षेत्राधिकारी (सदर) शिल्पा वर्मा ने बताया कि बच्ची के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मामले में विधिक कार्रवाई की जा रही है।