गन्ना मूल्य का भुगतान न होने पर बजाज चीनी मिल के खिलाफ भारतीय किसान क्रांति यूनियन के बैनर तले किसानों ने कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। मिल पर 30 हजार गन्ना किसानों के 50 करोड़ रुपये दबाने का आरोप लगाया। डीएम को ज्ञापन देकर बकाया गन्ना मूल्य का शीघ्र भुगतान कराने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान यूनियन के जिलाध्यक्ष मोहम्मद खलील शाह ने कहा कि बजाज चीनी मिल ने क्षेत्र के करीब 30 हजार किसानों का गन्ना खरीदा लेकिन भुगतान नहीं किया है। चीनी मिल पर 50 करोड़ से अधिक रुपये गन्ना मूल्य का बकाया है। पैसे न मिलने से किसानों दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
सान बच्छराज वर्मा, सत्यराम यादव, बड़ेलाल पांडेय, दिवाकर प्रसाद, राम प्रताप आदि ने कहा कि बजाज चीनी मिल हर वर्ष किसानों के करोड़ों रुपये दबाकर भुगतान में आनकानी करती है। प्रशासन चीनी मिल के खिलाफ ठोस कार्रवाई नहीं करता है।
किसानों ने प्रशासन से चीनी मिल अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की। किसानों ने डीएम को एक ज्ञापन सौंपा।
डीएम प्रीति शुक्ला ने जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह को कार्रवाई का निर्देश दिया।
जिला गन्ना अधिकारी ने बताया कि बजाज चीनी मिल का शीरा व चीनी जब्त की गई है। उसे बेचकर किसानों का बकाया भुगतान किया जा रहा है। मिल के दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है।