करनैलगंज (गोंडा)। तहसील सभागार में शनिवार को आयोजित जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन का कड़ा रुख देखने को मिला। भूमि विवाद, चकमार्गों पर कब्जा, दाखिल-खारिज के लंबित प्रकरणों और अवैध मिट्टी खनन की शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सरकारी जमीन या चकमार्ग पर कब्जा करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि जहां भी सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा पाया जाए, वहां पहले मुकदमा दर्ज कर कब्जेदारों को जेल भेजा जाए। उसके बाद बुलडोजर चलाकर अतिक्रमण हटाया जाए।
समाधान दिवस में पुलिस उपमहानिरीक्षक देवीपाटन परिक्षेत्र अशोक शुक्ला, पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल, उपजिलाधिकारी नेहा मिश्रा समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बड़ी संख्या में फरियादियों के पहुंचने से सभागार में भीड़ बढ़ गई। लोगों को अलग-अलग कतारों में खड़ा कर शिकायतें दर्ज कराई गईं। 240 शिकायतों में से 12 का मौके पर ही निस्तारण किया गया। सबसे अधिक शिकायतें चकमार्गों और सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे से संबंधित रहीं।
132 शिकायतों के बाद भी नहीं मिला रास्ता
ग्राम नारायनपुर मर्दन के मजरा तिलकपुरवा के ग्रामीण तख्तियां लेकर पहुंचे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि सरकारी चकमार्ग पर अवैध कब्जा होने से उनका आवागमन बाधित है। विनय कुमार, रामचंदर, रामसमुझ, संचित, रामलाल और हरिराम समेत कई ग्रामीणों ने बताया कि अब तक 132 बार शिकायत की जा चुकी है। कई बार पैमाइश भी हुई, लेकिन अतिक्रमण नहीं हटाया गया। डीएम ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
रिश्वत और जमीन हड़पने के आरोप भी पहुंचे डीएम के पास
ग्राम राजपुर निवासी महाजन प्रसाद ने सीमांकन के नाम पर एक कर्मी पर 10,500 रुपये लेने का आरोप लगाया। राजपुर की नीलम ने एक अधिकारी पर 35 हजार रुपये लेने के बावजूद उसकी जमीन दूसरे व्यक्ति के नाम दर्ज कराने का आरोप लगाया। बहुवन मदार मांझा निवासी दान बहादुर ने सरकारी तालाब पर कब्जे की शिकायत कर उसे खाली कराने की मांग की।
तरबगंज में मतदाता सूची की गड़बड़ियों का मुद्दा छाया
तरबगंज तहसील में आयोजित समाधान दिवस में पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों का मामला प्रमुखता से उठा। भोपतपुर निवासी ओमप्रकाश मिश्र ने आरोप लगाया कि सूची में 139 नाम दो बार दर्ज हैं, 87 विवाहित युवतियों, 66 मृतकों और 98 बाहरी लोगों के नाम भी शामिल हैं। कई पात्र मतदाताओं के नाम सूची से गायब हैं। करनीपुर निवासी राजेश तिवारी ने 429 मतदाताओं के नाम कटने की शिकायत की, जबकि डिकसिर निवासी राजबहादुर ने भी मतदाता सूची में अनियमितताओं का आरोप लगाया। इसके अलावा चकमार्ग, जलनिकासी, सरकारी भूमि पर कब्जा और आगजनी से प्रभावित परिवारों को राहत न मिलने जैसी शिकायतें भी दर्ज कराई गईं। एसडीएम प्रदीप सिंह की अध्यक्षता में आयोजित समाधान दिवस में कुल 133 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से चार का मौके पर निस्तारण किया गया।
मनकापुर में 80 शिकायतें, तीन का मौके पर निस्तारण
मनकापुर तहसील में मुख्य राजस्व अधिकारी रिंकी जायसवाल की अध्यक्षता में आयोजित समाधान दिवस में कुल 80 शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें भूमि कब्जा, रास्ता अवरुद्ध करने, चोरी, राशन कार्ड, आवास योजना और राजस्व विवाद से जुड़े मामले प्रमुख रहे। तीन शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया, जबकि शेष मामलों को संबंधित विभागों को कार्रवाई के लिए भेजा गया। एसडीएम अवनीश त्रिपाठी, तहसीलदार सुभद्र प्रसाद, सीओ उदित नारायण पालीवाल समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।