गोंडा। सड़क सुरक्षा को लेकर यातायात माह चलाया जा रहा है। यातायात पुलिस चेकिंग करके यातायात नियमों का पालन कराने का पूरा प्रयास कर रही है। इसके लिए जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।
जिससे होने वाले सड़क हादसों में कमी लाई जा सके। लेकिन इसका कुछ खास असर नहीं पड़ रहा है। यहां तो पांच से नौ सीटों वाली टैक्सी को चालकों ने मौत की गाड़ी बना दिया है। गैर रूट पर वाहन चालक निर्धारित से पांच से नौ की जगह 17 सवारियां ढो रहे हैं।
टैक्सी चालकों को टैक्सी का परमिट जिस रूट के लिए मिलता है। उन्हें उसी रूट पर टैक्सी का संचालन करने का आदेश संभागीय परिवहन अधिकारी निर्गत करते हैं। मगर रूपए कमाने की होड़ में टैक्सी चालक सवारियां की भीड़ देखकर गैर रूट पर भी टैक्सी का संचालन कर रहे हैं।
गोंडा-उतरौला मार्ग पर चलने वाली टैक्सियां का परमिट गोंडा से उतरौला व गोंडा से धानेपुर का पास है। मगर सवारियों के चक्कर में चालक इनका रूट अपने हिसाब से समय-समय पर बदलते रहते हैं।
सबसे चौंकाने वाला तो यह है कि जिधर से वाहन गुजरते हैं, जैसे उतरौला से गोंडा रूट पर बलरापुर जनपर की उतरौला कोतवाली के साथ ही उतरौला की महदेईया पुलिस चौकी, गोंडा का थाना धानेपुर, कोतवाली देहात की सालपुर पुलिस चौकी के साथ ही सोनी गुमटी पुलिस चौकी के सामने से टैक्सियां यातायात नियमों को दरकिनान कर गुजरती हैं। मगर तीन थानों व तीन चौकियों की पुलिस इनपर कार्रवाई से बचती है।
सहालग शुरू होते ही शहर के साथ ही कस्बों व ग्रामीण क्षेत्रों में होने वाली मांगलिक कार्यक्रमों के साथ ही शादी विवाह में बारातियों को ले जाने के लिए टैक्टर ट्राली चालकों ने ट्राली को यात्री वाहन बना दिया है।
जिले के कई क्षेत्रों में अक्सर ट्रैक्टर ट्रालियों से हादसे हो रहे हैं। मौसम में आए बदलाव के कारण कोहरे की दस्तक भी हादसों में बढोत्तरी का कारण बन रही है। मगर सहालग में ट्रैक्टर ट्राली से बारात जाने वालों की जान टैक्टर ट्रॉली चालक जोखिम में डाल रहे हैँ।
संभागीय परिवहन महकमे के साथ ही पुलिस महकमा बाइक व स्कूटी की चेकिंग में मशगूल रहता है। चौक चौराहो पर संभागीय परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ ही कोतवाली, थाना व पुलिस चौकी प्रभारी समेत यातायात पुलिस बाइक व स्कूटी की चेकिंग में लगी है। मगर टैक्सी पर मेहरबानी जताने में लगी है। टैक्सी चालक निर्धारित सीट से अधिक सवारियां बैठाकर टैक्सी का संचालन कर रहे हैं।