नवरात्र के प्रथम दिन मां शैल पुत्री की उपासना के साथ नवरात्र का शुभारंभ हुआ। मंदिरों में भोर से जुटे श्रद्धालुओं ने जयकारों के बीच माता रानी की पूजा अर्चना की और व्रत रखते हुए परिवार के लिए मंगलकामना की। शुक्रवार को भोर से ही देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं का जमावड़ा शुरू हो गया।
नगर के खैरा भवानी मंदिर, कालीभवानी मंदिर, विध्यवासिनी मंदिर, मंशा देवी, बेल्लही माता थान आदि स्थानों पर सुबह से लोगों की भीड़ जमा रही। लोगों ने मइया के दरबार में माथा टेक कर मंगलकामना की।
उमरीबेगमगंज स्थित मां उत्तरी भवानी, मेहनौन स्थित पटमेश्वरी देवी मंदिर, मुजेहना स्थित मुंगरौल देवी थान, श्रीनगर स्थित तिलकीमाई थान सहित विभिन्न स्थानों पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने पूजन अर्चन कर माता रानी के दरबार में हाजिरी लगाई।
कस्बा परसपुर के राजपुर स्थित जय मां गूंगी भवानी सेवा समिति ने चैत्र नवरात्र शुरू होने पर शुक्रवार को कलश यात्रा निकाली। यहां दस दिवसीय संगीतमयी श्रीमद् देवी भागवत महापुराण ज्ञान यज्ञ का आयोजन 8 से 17 अप्रैल तक किया गया है।
इसकी शुरुआत शुक्रवार को एक विशाल कलश यात्रा के साथ हुई। गाजेबाजे के साथ मुख्य अतिथि करण भूषण सिंह के नेतृत्व में निकली कलश यात्रा गूंगी माता की जयजयकार लगाते हुए भौरीगंज पहुंची। यहां सरयू नदी से महिलाओं ने पवित्र जल भरा और फिर भौरीगंज से चल कर राजपुर में कलश यात्रा का समापन हुआ।