जिला अस्पताल में भर्ती एक युवती से शुक्रवार रात आईसोलेशन वार्ड में तैनात मेल स्टाफ नर्स ने बलात्कार किया। घटना के बाद आरोपी फरार हो गया। वार्ड के दूसरे स्टाफ नर्स के आने पर पीड़ित ने आपबीती सुनाई। जिसके बाद इस मामले की जानकारी सीएमएस को दी गई। मामले में मेल स्टाफ नर्स के खिलाफ बलात्कार का मुकदमा दर्ज किया गया है।
बताते हैं कि रांची की रहने वाली 30 वर्षीया युवती 26 जून को जिला अस्पताल के आईसोलेशन वार्ड में कक्ष संख्या 4 में बतौर लावारिस भर्ती हुई थी। शुक्रवार की रात इस आईसोलेशन वार्ड में मेल स्टाफ नर्स जयंतवीर पुष्कर की ड्यूटी लगी थी।
बलात्कार पीड़िता महिला के मुताबिक रात में जयंतवीर उसके कक्ष में आया और उसके साथ बलात्कार किया। इसके बाद वह वार्ड से गायब हो गया। सुबह चार बजे जब दूसरे स्टाफनर्स मनोज श्रीवास्तव और नीरज पांडेय ड्यूटी पर आए तो महिला ने उन्हें आपबीती सुनाई।
जिसके बाद दोनों ने तत्काल सीएमएस डा. संतोष कुमार श्रीवास्तव को इसकी सूचना दी। सीएमएस ने सूचना मिलते ही कोतवाली नगर में फोन मिलाया और सारे घटनाक्रम से अवगत कराया। जिसके बाद जिला अस्पताल पहुंची कोतवाली पुलिस ने बारी-बारी से पीड़ित महिला के साथ ही वार्ड में भर्ती अन्य मरीजों व उनके तीमारदारों से पूछताछ करते हुए सबके अलग-अलग बयान दर्ज किए।
कोतवाल सुनील कुमार राय के मुताबिक मामले में स्टाफ नर्स जयंतवीर पुष्कर के खिलाफ बलात्कार का मुकदमा दर्ज करके पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है। वहीं घटना के बाद से आरोपी स्टाफनर्स जयंतवीर पुष्कर फरार चल रहा है।
उधर मुंबई की जिस आउटसोर्सिंग कंपनी (टी एंड एम) के तहत जयंतवीर पुष्कर को जिला अस्पताल में तैनाती मिली थी। उसकी डायरेक्टर गायत्री शर्मा व एचआर हेड अकील अहमद खां को पत्र भेजकर सीएमएस ने आरोपी स्टाफ नर्स के बर्खास्तगी की संस्तुति की है।
बताया जाता है कि मुंबई की जिस टी एंड एम कंपनी के तहत आउटसोर्सिंग पर जिला अस्पताल में रखे गए स्टाफ से काम लिया जा रहा है। उनकी संख्या कुल मिलाकर 90 है। कंपनी के एक कर्मचारी ने शुक्रवार की रात यहां जो कुछ भी किया। उससे टीएंडएम कंपनी कई तरह के सवालों से घिर गई है।
शराब के साथ स्मैक का भी लती था जयंतवीर मुंबई की एक कंपनी की ओर से आउटसोर्सिँग पर रखे गए संविदाकर्मी जयंतवीर पुष्कर के बारे में पीडित महिला ने बताया कि वह शराब के नशे का लती था। पीड़िता के मुताबिक शुक्रवार की रात जब जयंतवीर उसके कमरे में आया तो वह शराब के नशे में धुत था।
बावजूद इसके अस्पताल प्रशासन ने कभी भी अपने यहां कार्यरत ऐसे स्टाफ पर नकेल कसने के लिए कुछ नहीं किया। यहां तक कि जिला अस्पताल में ऐसे कई लोग कार्यरत हैं, जिनके ऊपर बलात्कार के मुकदमे दर्ज है।
जिला अस्पताल में पीड़िता से बलात्कार की खबर मिलने के बाद जो बातें आईसोलेशन वार्ड से निकलकर सामने आईं। उसमें एक बात यह भी पता चली कि जयंतवीर ने कुष्ठ पीड़िता को अपनी हवस का शिकार बनाने से पहले आईसोलेशन वार्ड के कमरा नम्बर एक को खटखटाया था, लेकिन जब काफी देर तक कमरा नहीं खुला तो वह इस कमरे से आगे बढ़ता हुआ चार नम्बर कमरे में पहुंच गया। जहां कुष्ठ पीड़िता सो रही थी। दरवाजा खुलने पर उसने कमरे में घुसकर बलात्कार किया और भाग निकला।