गला काटकर युवक की हत्या
गोंडा। कौड़िया थाना क्षेत्र के उसरैना गांव में रविवार को एक युवक की गला काटकर हत्या कर उसका शव बहराइच-गोंडा रेलवे लाइन के पास खेत में फेंक दिया गया। मौके पर पुलिस ने पहुंच कर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कौड़िया थाना क्षेत्र के उसरैना गांव निवासिनी गीता देवी का इकलौता बेटा दीपक कुमार(20) शनिवार की शाम करीब चार बजे अपने खेत में फसल की रखवाली व फसलों के बचाव के लिए खेत में गोबर की खाद छिड़कने गया था।
मां गीता के मुताबिक वह देर तक वापस घर नहीं लौटा तो सुबह वह थाने पर गई और बेटे की गुमशुदगी की तहरीर दी। रविवार की दोपहर पता चला कि उसके बेटे की गला काट कर हत्या कर दी गई है और शव को गोंडा-बहराइच रेलवे लाइन के करीब सौ मीटर दूर खेत में उसकी लाश फेंक दी गई।
मां गीता देवी फफक कर रो पड़ीं और कहने लगीं उनसे किसी की दुष्मनी भी नहीं है। गौरतलब है कि दीपक के पिता की बहुत पहले मौत हो गई थी। घर में केवल मां बेटे ही थे। एक मात्र बेटा जीने का सहारा था।
थानाध्यक्ष रमाशंकर यादव ने बताया कि सुबह उसकी मां ने तहरीर दिया था। उसके करीब एक घंटे बाद पता चला कि उसरैना गांव के करीब एक युवक का शव पड़ा है। मौके पर देखा गया तो किसी ने धारदार हथियार से उसका गला रेत दिया है। उसके शरीर से सिर को अलग कर दिया गया है।
थोड़ा सा सिर का भाग लगा है। एसओ ने बताया कि अभी तहरीर नहीं मिली है। मौके पर सीओ करनैलगंज जटाशंकर राव सहित अन्य अधिकारी पहुंच गए और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। एसओ ने बताया कि अपराधी को शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
टूट गई बुढ़ापे की लाठी
कई साल पहले उसरैना गांव में दलित स्वामीदीन उर्फ भोंदू की मौत हो गई थी। उसकी बेवा पत्नी गीता देवी व छोटे से बेटे को छोड़कर स्वामीदीन तो चल बसे लेकिन मां के जीने का सहारा मात्र उसका बेटा दीपक ही था।
गांव में किसी से दुष्मनी भी नहीं थी। फिर किस दरिंदे ने मां के बुढ़ापे की लाठी दीपक को उनसे छीन लिया। दीपक की मौत के बाद गीता देवी के आगे पीछे कोई नहीं है।