गोंडा। न्यायाधीश मयंक कुमार जैन के आदेश पर 10 जुलाई को राष्ट्रीय लोक अदालत जनपद-न्यायालय एवं समस्त तहसील स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। इसमें मुकदमों को सुलह समझौते के आधार पर निपटाया जाएगा। गुरुवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव कृष्ण प्रताप सिंह ने बताया कि न्यायालयों/ट्रिब्यूनलों में लंबित दांडिक शमनीय वाद, धारा 138 एनआईएक्ट व धन वसूली से संबंधित वाद, मोटर दुघर्टना प्रतिकर वाद, श्रम एवं रोजगार संबंधी वाद, बिजली, पानी एवं अन्य बिलों के भुगतान से संबंधित वाद, वैवाहिक वाद, भूमि अधिग्रहण वाद, सेवा संबंधित (भुगतान, भत्ते व सेवानिवृत्ति लाभ) वाद, राजस्व वाद व अन्य दीवानी वाद तथा प्री-लिटिगेशन के अंतर्गत धारा 138 एनआईएक्ट वाद, धन वसूली वाद, श्रम एवं रोजगार से संबंधित वाद, बिजली, पानी एवं अन्य बिलों के भुगतान के मामले, भरण पोषण के मामले एवं अन्य दीवानी एवं शमनीय आपराधिक वाद का सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण किया जाएगा।
लोक अदालत के नोडल अधिकारी डॉ. दीनानाथ, सप्तम अपर जिला जज द्वारा जिला गोंडा के समस्त न्यायालयों के पीठासीन अधिकारियों एवं विभागाध्यक्षों से आग्रह किया गया है कि वे अपने-अपने न्यायालयों में लंबित वादों में से अधिकतम वाद उक्त लोक अदालत में नियत करना सुनिश्चित करें और उनके सम्मन व नोटिस अविलंब जारी करें, जिससे नियत तिथि से पूर्व उनका तामीला न्यायालयों में प्राप्त हो सके, जिससे अधिक-अधिक मामलों का निस्तारण किया जा सके। संवाद