चौखड़िया गांव में बनी पानी की टंकी पर शनिवार की रात चढ़े एक युवक ने 12 घंटे तक पुलिस के साथ ग्रामीणों को खूब छकाया। 12 घंटे बाद रविवार को दोपहर 11 बजे जब पुलिस ने उसकी बात सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव से कराने के लिए नीचे आकर फोन ले जाने को कहा, तब जाकर वह नीचे उतरा। इसके बाद पुलिस ने उसे घरवालों की सुपुर्दगी में देते हुए उसका इलाज किसी अच्छे अस्पताल में कराने को कहा।
सीओ तरबगंज विजय आनंद के मुताबिक टंकी पर वीरू बनकर चढ़ा युवक मानसिक रूप से विक्षिप्ति है, जिसका इलाज परिवार वाले गोरखपुर में करा रहे हैं।
ग्राम पंचायत रघुनाथपुर के खालिदपुरवा गांव में रहने वाले साहबदीन यादव का 28 वर्षीय पुत्र कोतवाली यादव है, जो गांव से चुनाव लड़ना चाहता है। इसके लिए वह चार-पांच दिनों से गांव में लोगों से वोट मांग रहा था।
शनिवार को कोतवाली की गांव के किसी व्यक्ति से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई, जिस पर वह चौखड़िया गांव में बनी पानी की टंकी पर चढ़ गया।
इस पर लोगों ने उसे उस समय तो समझाकर नीचे उतार लिया। लेकिन शनिवार की रात 11 बजते ही वह फिर उसी पानी की टंकी पर चढ़ गया, जहां से वह पूरी रात गांव को चमकाने, कभी प्रधानमंत्री से बात करने तो कभी राष्ट्रपति को मौके पर बुलाने की जिद पर अड़ा रहा।
सूचना मिलने के बाद पहुंची पुलिस उसे समझाकर नीचे उतारने के प्रयास में जुटी रही, लेकिन वह टंकी पर चढ़े-चढ़े पुलिस को भी खरी-खोटी सुनाता रहा। इससे पूरी रात ग्रामीणों की नींद उड़ी रही।
रविवार को दोपहर 11 बजे पुलिस ने चौखड़िया गांव के प्रधान त्रियुगी पाठक के मोबाइल से उसकी बात सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव से कराने के लिए नीचे आकर फोन ले जाने को कहा, तब वह नीचे उतरा।
वहीं, कोतवाली के छोटे भाई गुड्डू का कहना है कि इधर चार-पांच दिन से उनके बड़े भाई का मानसिक संतुलन ठीक नहीं है। सीओ तरबगंज विजय आनंद ने बताया कि कोतवाली यादव मानसिक रूप से विक्षिप्ति है।