ईसाईयों का प्रसिद्ध त्यौहार क्रिसमस शुक्रवार को धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान चर्च के पादरियों ने प्रभु यीशु के बलिदान को याद करते हुए उनसे सीख लेने का आह्वान किया।
शहर के लाल बहादुर शास्त्री डिग्री कॉलेज तिराहे के निकट मेथोडिस्ट चर्च सहित अन्य सभी गिरजाघरों पर सुबह से ही ईसाई धर्मावलंबियों का तांता लगा रहा।
पादरियों ने प्रार्थना सभा में प्रभु यीशू के बलिदान को याद करते हुए कहा कि मानव कल्याण के लिए वे सूली पर चढ़ गए और मरते दम तक वह अपने ऊपर अत्याचार करने वाले लोगों को माफ करने के लिए प्रार्थना करते रहे।
अंतिम समय में उन्होंने कहा था कि हे प्रभु इन्हें क्षमा करना, क्योंकि यह नहीं जानते हैं, कि वे क्या कर रहे हैं। इस तरह से फातिमा इंटर कॉलेज परिसर में स्थित चर्च, अंबेडकर चौराहा स्थित चर्च में भी प्रार्थना सभाएं हुईं, जिसमें ईसाई धर्म के लोगों ने हिस्सा लेकर मानव कल्याण के लिए प्रार्थना की।
कई शिक्षण संस्थानों में भी कार्यक्रम हुए। जेल रोड स्थित कंगारू किड्स प्ले स्कूल में सेंटाक्लाज बने छात्र ने अपने साथियों को टॉफियां बांटीं। प्रबंधक विजय दूबे ने सभी क्रिसमस त्यौहार को मानव कल्याण के लिए प्ररेणावाला दिन बताया।