गोंडा। प्रदेश सरकार के बजट से परसपुर ब्लॉक के डोमाकल्पी गांव में जश्न का माहौल है। ढाई हजार आबादी वाला ये गांव शहर से महज 16 किलोमीटर दूर है। पिछड़ेपन से जूझ रहे इस गांव में राज्य विश्वविद्यालय की स्थापना से लोगों में उत्साह है। विश्वविद्यालय स्थापित होने पर गांव की सूरत तो बदल ही जाएगी, शहर जैसी सुविधाएं मिलने की उम्मीद से ग्रामीणों में खुशी है।
बीते दो साल से राज्य विश्वविद्यालय की उम्मीद में लोगों में आशंकाएं भी कम न थीं। गांव में 70 एकड़ जमीन मिल गई थी और उच्च शिक्षा विभाग की टीम ने निरीक्षण भी कर लिया था मगर स्थानीय लोगों की आशंका बनी रही कि इतना बड़ा संस्थान उनके गांव में धरातल पर उतरेगा या नहीं। बुधवार को जब मां पाटेश्वरी देवी राज्य विश्वविद्यालय की स्वीकृति के साथ ही 50 करोड़ का बजट तय हुआ तो लोग की खुशी का ठिकाना न रहा।
गांव के पूर्व प्रधान अरविंद पांडेय कहते हैं कि विवि के लिए जमीन मिलने के बाद विधानसभा चुनाव आ गया था। उस समय घोषणा नहीं होने से निराशा हुई थी मगर दोबारा योगी सरकार बनने से उम्मीदें बढ़ी थीं। अब स्वीकृति मिलने से गांव का हर व्यक्ति तो खुश ही है, आसपास के लोगों की आंखें भी चमक उठी हैं। विश्वविद्यालय की स्थापना से गांव में कई तरह की सुविधाएं खुद ही बढ़ेंगी। लोग उत्साहित हैं कि उच्च शिक्षा के अवसर के साथ ही क्षेत्र के विकास को भी रफ्तार मिलेगी।
डोमाकल्पी में विश्वविद्यालय की स्थापना के साथ ही कई संस्थान खुलेंगे। विश्वविद्यालय में कैंटीन के साथ ही पुलिस स्टेशन, पोस्ट ऑफिस, बैंक शाखा, कार्यशाला, पार्क, प्रशासनिक भवन, एकेडमिक ब्लॉक, 53 आवास, छात्रावास, लॉ भवन, विज्ञान भवन, कला भवन, रिसर्च सेंटर, क्लास रूम, ओवरहेड टैंक की स्थापना होगी। शुरुआत में 300 स्नातक, 700 परास्नातक व 100 शोध के छात्र विश्वविद्यालय में दाखिल ले सकेंगे। इसके बाद विस्तार होता रहेगा। मंडल के महाविद्यालय इस विश्वविद्यालय से जुड़ेंगे।
विश्वविद्यालय की स्थापना से डोमाकल्पी गांव में गुरुवार को ही होली मना ली गई। युवाओं ने प्रस्तावित स्थल पर पहुंचकर अबीर और गुलाल उड़ाकर खुशी मनाई। कृष्णकुमार शुक्ल, अश्वनी पांडेय, विवेकानंद पांडेय, सतीश सोनी, शशिभूषण सिंह, दीपक सोनी, तपोनाथ मिश्र, सरदार बलजीत सिंह, पीयूष पांडेय, भगवानदीन अवस्थी, डॉ. दयाशंकर मिश्र, नरेंद्र पांडेय, राधेश्याम मिश्र, सूर्यमणि पांडेय, प्रदीप पांडेय, अंजलि, पूजाराम आदि ने होली खेली और खुशी जताई।