गोंडा। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जननायक कर्पूरी ठाकुर की 100वीं जयंती बुधवार को मनाई गई। सपाइयों ने उनके संघर्ष को याद किया। समाजवादी पार्टी कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में कर्पूरी ठाकुर के चित्र पर पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं ने पुष्प अर्पित किया।
यहां आयोजित गोष्ठी में वक्ताओं ने कहा कि कर्पूरी ठाकुर सादगीपूर्ण जीवन के कारण जननायक के नाम से मशहूर थे। दलितों के उत्थान के लिए उनकी अटूट प्रतिबद्धता और उनके दूरदर्शी नेतृत्व ने भारत के सामाजिक, राजनीतिक ताने-बाने पर अमिट छाप छोड़ी है।
उन्हें बिहार के सामाजिक न्याय का मसीहा माना जाता है। उन्होंने पिछड़ावर्ग को आरक्षण दिया। स्वतंत्रता का संघर्ष हो या फिर आंदोलन हर जगह उनकी अग्रणी भूमिका रही। कार्यक्रम में विनोद श्रीवास्तव, संजय सविता विद्यार्थी, सरफराज हुसैन, जयचंद सिंह, राजेश यादव, संजय साहू सहित अन्य मौजूद रहे।
चुनाव के समय याद आए कर्पूरी ठाकुर : अरशद
सपाके जिलाध्यक्ष अरशद हुसैन ने कहा कि भाजपा ने दस साल सत्ता में रहकर कुछ नहीं किया। अब चुनाव के समय कर्पूरी ठाकुर को भारतरत्न दिया है। भाजपा सिर्फ सपा सरकार में कराए गए कार्यों पर तख्ती लगा रही है।
क्रांतिकारी मोर्चे ने भारत रत्न के एलान की सराहना की
बुधवार को क्रांतिकारी मोर्चा के बैनर तले बैठक की गई। इसमें समाजवादी विचारक कर्पूरी ठाकुर को श्रद्धांजलि दी गई। प्रदेश अध्यक्ष काजी अब्दुल नजीब ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर राजनीति में हमेशा परिवारवाद के खिलाफ थे। उन्होंने केंद्र सरकार के उस कदम की सराहना की जिसमें कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने का एलान किया गया है। इस दौरान अनूप सिंह, माे. अमजद खां, नबीउल्ला खां, इसरार आदि मौजूद रहे।