गोंडा। परसपुर के मधईपुर कुर्मी में 1.43 करोड़ रुपये की लागत से बनाए जा रहे मुख्यमंत्री अभ्युदय विद्यालय भवन में मिली खामियों पर जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने बीएसए को तलब किया है। जिला समन्वयक निर्माण का जांच पूरी होने व किसी भी फैसले तक वेतन भुगतान रोक दिया गया है। हालांकि विद्यालय भवन निर्माण नहीं रोका गया है।
अमर उजाला ने सात जुलाई को माई सिटी में कमजोर बीम पर खड़ी कर दीं मुख्यमंत्री मॉडल स्कूल की दीवारें शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी। डीएम नेहा शर्मा ने मामले को गंभीरता से लिया। निर्माण में गड़बड़ी के लिए प्रथमदृष्टया जांच करने वाले जिला समन्वयक (निर्माण) विद्या भूषण मिश्र को ही दोषी मानते हुए उनका वेतन रोक दिया है।
बीएसए अतुल कुमार तिवारी से मुख्यमंत्री की महत्वाकांक्षी योजना वाले विद्यालय भवन निर्माण की खामियों की रिपोर्ट तलब की है। डीएम की ओर से कहा गया कि कार्य का दैनिक पर्यवेक्षण डीसी निर्माण से क्यों नहीं कराया गया? उच्चाधिकारियों को देरी से क्यों सूचना दी गई है? डीएम ने इस मामले में डीडीओ व पीडब्ल्यूडी एक्सईएन को जांच सौंपी है।
कार्यदायी संस्था ने जारी रखा निर्माण कार्य
भले ही जिलाधिकारी ने डीसी का वेतन रोकते हुए बीएसए से रिपोर्ट तलब की है। मगर मंगलवार को भी कार्यदायी संस्था की ओर से काम नहीं रोका गया है। हालांकि मुख्यमंत्री के महत्वाकांक्षी योजना वाले इस विद्यालय में निर्माण में गड़बड़ियों का मुद्दा उठने के बाद प्रशासन में खलबली मच गई है। माना जा रहा है कि जांच के बाद बड़ा एक्शन हो सकता है।