फर्जी मुकदमा दर्ज किये जाने से नाराज युवक ने अपने तीन बच्चों के साथ उतरौला तहसील परिसर में आत्मदाह का प्रयास किया। तहसील में मौजूद वकीलों तथा कर्मचारियों ने युवक को बच्चों समेत आत्मदाह करने से बचा लिया। पुलिस युवक व उसके बच्चों को हिरासत में लेकर कोतवाली गई।
शनिवार को उतरौला तहसील परिसर में अपने तीन बच्चों के साथ आत्मदाह करने पहुंचे ग्राम हारेकिशना निवासी चांदबाबू पुत्र अली अहमद ने करीब दो बजे अपने तथा बच्चों के ऊपर पेट्रोल डालकर आत्मदाह करने की कोशिश की।
परिसर में मौजूद वकीलों तथा तहसील कर्मियों ने चांदबाबू व उसके बच्चों को आत्मदाह करने से रोक लिया तथा पेट्रोल का डिब्बा व माचिस छीन लिया।
चांदबाबू ने बताया कि गांव के ही कुछ लोग उसे फर्जी मुकदमे में फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। चांदबाबू का आरोप है कि वह घर पर भी नहीं था, इसके बावजूद उसे फर्जी मुकदमे में फंसा दिया गया।
चांदबाबू ने गांव के प्रधान व उनके सहयोगियों पर उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है। चांदबाबू का कहना है कि उसे धनबल के जोर पर तरह-तरह से प्रताड़ित किया जा रहा है।
मौके पर पहुंचे उतरौला कोतवाल राज कुमार यादव ने बताया कि चांदबाबू व उनके बच्चों को समझा-बुझाकर कोतवाली में लाया गया है। मामले की छानबीन की जा रही है।