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Gonda News: जन आरोग्य मेला में सन्नाटा, झोलाछाप की क्लीनिक गुलजार

Mon, 23 Jan 2023 05:23 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
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गोंडा। सरकार की ओर से गांव के पास स्थानीय पीएचसी पर एक ही छत के नीचे सभी जांच व दवाएं दिए जाने का दावा किया जा रहा है। लेकिन मरीजों को सरकारी इलाज रास नहीं आ रहा है। वह मुफ्त की दवा न लेकर झोलाछाप से इलाज कराना ही मुनासिब समझते हैं। ऐसे में सरकारी व्यवस्था व स्वास्थ्यकर्मियों की कार्यशैली पर सवाल उठना लाजिमी है।
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स्वास्थ्य विभाग की ओर से रविवार को जिले के 52 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला का आयोजन किया गया। लेकिन अधिकांश पीएचसी पर दोपहर तक कोई मरीज नहीं पहुंचा। जबकि कुछ ही दूरी पर स्थित बंगाली क्लीनिक मरीजों से गुलजार रहा। मरीजों ने बताया कि आरोग्य मेला केवल खानापूर्ति तक सीमित रहा।
परसपुर सीएचसी के अधीन मंगुरा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर दोपहर तक कोई मरीज इलाज कराने नहीं पहुंचा। अधिकांश डॉक्टर व स्वास्थ्यकर्मी भी नदारद रहे। आयुर्वेद चिकित्साधिकारी निशा गुप्ता, फार्मासिस्ट अमरनाथ गुप्ता व रुद्रनारायण पांडेय मरीजों का इंतजार करते दिखाई पड़े। पीएचसी से थोड़ी दूर विजय नगर चौराहा के पास स्थित एक झोलाछाप की क्लीनिक में मरीजों का तांता लगा रहा।
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बोले मरीज, जांच की व्यवस्था नहीं, फार्मासिस्ट पकड़ा देते लाल-पीली गोली
एक निजी क्लीनिक पर इलाज कराने पहुंचे मरीज संतोष ने बताया आरोग्य मेला में कोई विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं रहता है, और न जांच की व्यवस्था होती है। फार्मासिस्ट हर बीमारी में एक ही तरह की लाल-पीली गोली पकड़ा देते हैं। कोई फायदा नहीं होता। मजबूरी में निजी क्लीनिक पर इलाज करवाना पड़ता है। मरीज देवीबख्श सिंह ने कहा कि पीएचसी पर कोई ऐलोपैथ का डॉक्टर नहीं रहता है। दोपहर तक का समय गंवाने के बाद पैरासिटामॉल व कुछ एंटीबॉयोटिक दवा दे दी जाती, मर्ज चाहे जो हो। शिक्षक रघुनाथ दूबे ने कहा कि मेले में विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं प्रशिक्षु स्वास्थ्यकर्मी इलाज करते हैं। पत्नी तेज बुखार से पीड़ित थी, पीएचसी पर प्रशिक्षु स्टॉफ ने मोबाइल पर सर्च करके दवाएं लिखी। कोई फायदा नहीं हुआ। उसके बाद निजी क्लीनिक से दवा लेनी पड़ी।
डॉक्टर नहीं पहुंचे, मांगेंगे जवाब

अपर मुख्य चिकित्साधिकारी के साथ जन आरोग्य मेले का निरीक्षण किया जाता है। जिन स्थानों पर डॉक्टर समय से नहीं पहुंचे हैं। उनसे जवाब मांगा जाएगा। आशा कार्यकर्ताओं को आरोग्य मेले का प्रचार-प्रचार करने का निर्देश दिया गया है।
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-डॉ. रश्मि वर्मा, सीएमओ
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