बाल विकास परियोजना के डीपीओ समेत 10 अफसरों से डीएम ने जवाब तलब किया है। साथ ही तीन दिन में संतोषजनक जवाब न देने पर डीएम ने कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। यह कार्रवाई मिशन इंद्रधनुष की समीक्षा बैठक में बिना सूचना के नदारद रहने पर की गई है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने डीएम से मिशन को सफल बनाने में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर सहयोग न करने का आरोप लगाया है।
डीएम राम विशाल मिश्र ने रविवार को बताया कि उन्होंने 15 अप्रैल को कलेक्ट्रेट सभागार में मिशन इंद्रधनुष की समीक्षा की। समीक्षा बैठक में डीपीओ वीरेंद्र कुमार तिवारी सहित जिले के सभी नौ ब्लॉकों के सीडीपीओ बिना सूचना के गैर हाजिर रहे। बैठक में शामिल न होने पर घोर अनुशासनहीनता मानते हुए डीएम ने डीपीओ सहित सभी 10 अफसरों से तीन दिन में स्पष्टीकरण तलब किया है।
संतोषजनक जवाब न देने पर डीएम ने संबंधित अफसरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। बैठक के दौरान सीएमओ डॉ. एसडी भारती व मिशन इंद्रधनुष के नोडल अफसर एवं जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. एके सिंघल व अन्य ने डीएम से शिकायत की कि मिशन के संचालन में जिले के सभी ब्लॉकों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सहयोग नहीं मिल रहा है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का सहयोग न मिलने से टीकाकरण अभियान पर व्यापक असर पड़ रहा है।
14 से 20 अप्रैल तक चलने वाले टीकाकरण अभियान में लापरवाही बरतने वाले अफसरों के खिलाफ डीएम ने कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। समीक्षा के दौरान डीएम ने मिशन इंद्रधनुष से जुड़े सभी अफसरों व कर्मियों को टीकाकरण अभियान को सफल बनाने का निर्देश दिया है।