गोंडा। माध्यमिक स्कूलों में भी इस बार शैक्षिक माहौल बदला-बदला नजर आएगा। परिषदीय स्कूलों की तरह ही इस वर्ष हाईस्कूल और इंटरमीडिएट स्कूलों में भी प्रवेश उत्सव अप्रैल में होगा। इसके लिए कॉलेजों को निर्देश दिए गए हैं।
पहली अप्रैल को तो पुरानी पेंशन बहाली की मांग का विरोध हुआ, अब नामांकन अभियान चलेगा। जिला विद्यालय निरीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि अप्रैल में हाईस्कूल और इंटर कॉलेजों के शिक्षक गांव-गांव जाकर अभिभावकों से संपर्क करके बच्चों का दाखिला स्कूलों में कराएंगे। वह सरकारी स्कूलों की खूबियां और संसाधनों के बारे में जानकारी भी देंगे। जिससे लोग सरकारी संस्थानों में ही बच्चों का नामांकन कराएं। विभाग का मानना है कि निज स्कूलों के संचालक अभिभावकों को गुमराह करके स्कूलों में नाम लिख लेते हैं। जबकि सरकारी व अशासकीय सहायता प्राप्त कॉलेजों में बच्चों का टोटा बना रहता है, लेकिन इस समस्या को दूर करने के लिए पहल की जा रही है।
जिले के तीन राजकीय इंटर कॉलेजों के साथ ही 45 सहायता प्राप्त इंटर कॉलेज हैं। इसके साथ ही उच्चीकृत 25 राजकीय हाईस्कूल हैं, जो उच्च प्राथमिक विद्यालय के परिसर में ही हैं। ऐसे में कक्षा आठ पास छात्रों का प्रवेश तो हो जाएगा, लेकिन गांव के अन्य छात्रों को भी राजकीय हाईस्कूल से जोड़ने की मुहिम चलेगा।