गोंडा। सड़क सुरक्षा पखवाड़ा में इस बार 17 जुलाई से बड़े पैमाने पर अभियान चलेगा। इसमें सबसे महत्वपूर्ण कदम होगा कि बिना हेलमेट के दूसरी बार कार्यालय आने वाले सरकारी कर्मचारियों को अनुपस्थित माना जाएगा। कार्यालय में उनके प्रवेश पर पाबंदी लगा दी जाएगी। इसके लिए शासन ने निर्देश जारी किए हैं।
सरकारी दफ्तरों के उन सभी कर्मचारियों के लिए हेलमेट अनिवार्य कर दिया गया है जो दोपहिया वाहनों का प्रयोग करते हैं। सड़क सुरक्षा पखवाड़ा में सभी सरकारी कार्यालयों के विभागाध्यक्ष कर्मियों को इस बात की शपथ दिलाएंगे। इसके बाद पहले दिन तो समझाया जाएगा, लेकिन दूसरे दिन बिना हेलमेट के आने वाले कर्मचारियों की उपस्थिति नहीं मानी जाएगी। इसके बाद ऐसे लापरवाह कर्मियों को प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
स बार 17 से 31 जुलाई तक सड़क सुरक्षा पखवाड़ा मनाया जाएगा। इसके तहत जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक भी होगी। इसमें जिले में रोड सेफ्टी एक्शन प्लान तैयार कराकर पखवाड़े के अंत तक परिवहन आयुक्त को भेजा जाएगा। सड़क सुरक्षा पखवाड़े से परिवहन, गृह, लोक निर्माण विभाग, चिकित्सा व शिक्षा विभाग की कार्ययोजना के आधार पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन होगा। मुख्य सचिव ने मंगलवार देर शाम को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से निर्देश दिए हैं।
शासन ने लगातार हो रहे सड़क हादसों पर चिंता जताई है। एक रिपोर्ट के अनुसार पिछले वर्ष की तुलना में सड़क दुर्घटना में 5.5 प्रतिशत और दुर्घटना के मरने वालों की संख्या में 4.2 प्रतिशत वृद्धि हुई है। सड़क हादसों में दोपहिया वाहन चालकों की मृत्यु अधिक हुई है। विभाग अब एडवांस लाइफ सपोर्ट से संबंधित कार्यशाला आयोजित करेगा। उत्कृष्ट कार्य करने वाले ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को सम्मानित भी किया जाएगा।
परिवहन विभाग के सहयोग से स्कूली वाहनों के चालकों की आंखों व स्वास्थ्य का भी परीक्षण होगा। स्कूलों में बच्चों को सड़क सुरक्षा की जानकारी के कार्यक्रम होंगे। इन कार्यक्रमों के उद्घाटन समारोह में सांसद, विधायक आदि को आमंत्रित किया जाएगा। वहीं, संबंधित विभागों के अफसरों, बस, ट्रक, ऑटो यूनियन, एनजीओ के पदाधिकारियों से भी राय ली जाएगी। स्कूलों में भी प्रार्थना के बाद बच्चों को सड़क सुरक्षा की जानकारी देते हुए नियमों के पालन की शपथ दिलाई जाएगी। इस तरह जागरूकता अभियान बड़े स्तर पर होंगे।
जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने बताया कि सड़क सुरक्षा पखवाड़ा के तहत बड़े स्तर पर अभियान चलेगा। ब्लैक स्पॉट को सुधारने के निर्देश दिए गए हैं और स्कूली वाहनों की फिटनेस अनिवार्य कर दी गई है। निर्देशों का अनुपालन कराया जाएगा।