गोंडा। 30 जुलाई से शुरू होने वाले सावन माह को लेकर शहर के प्रसिद्ध दुखहरणनाथ मंदिर में तैयारियां तेज हो गई हैं। भगवान शिव का जलाभिषेक और पूजन-अर्चन करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचेंगे। यहां मेले जैसा वातावरण रहेगा। मंदिर प्रबंधन के साथ ही प्रशासन ने भी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने की कवायद शुरू कर दी है।
सावन में पूरे माहभर मंदिर में श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने की संभावना है। इसे देखते हुए दर्शन और जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं के आवागमन को व्यवस्थित करने की योजना बनाई जा रही है। मंदिर में प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग व्यवस्था करने, भीड़ को नियंत्रित करने और कतारबद्ध तरीके से दर्शन कराने पर भी मंथन किया जा रहा है। इसके लिए जल्द ही बैरीकेडिंग कराई जाएगी। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिसकर्मियों की तैनाती के साथ ही सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की व्यवस्था भी की जाएगी।
मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए पेयजल और साफ-सफाई की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। सावन में दूरदराज से आने वाले कांवड़ियों और शिवभक्तों के लिए भी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारी है। मंदिर के आसपास सड़क पर लगने वाली दुकानों और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए भी व्यवस्था बनाई जा रही है, ताकि आवागमन बाधित न हो।
महंत रुद्र नरायन ने बताया कि सावन शुरू होने से पहले मंदिर परिसर को सजाने-संवारने का काम कराया जा रहा है। श्रद्धालुओं की आस्था और सुविधा को ध्यान में रखते हुए सभी जरूरी तैयारियां समय से पूरी कर ली जाएंगी।