परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक बनने का सपना लेकर आये 9057 अभ्यर्थियों ने सोमवार को जिले के 11 परीक्षा केंद्रों पर शिक्षक पात्रता परीक्षा दी। दो पालियों में आयोजित परीक्षा की प्रथम पाली में 4916 व द्वितीय पाली में 4141 अभ्यर्थी शामिल हुए, जबकि दोनों पालियों में 1292 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। जिला विद्यालय निरीक्षक ने शिक्षक पात्रता परीक्षा के शांतिपूर्ण ढंग से होने का दावा किया है।
परिषदीय विद्यालयों में शिक्षक बनने का सपना संजोने वाले 10 हजार 349 अभ्यर्थियों नें टीईटी परीक्षा के लिए आवेदन किया था। सोमवार को परीक्षा के लिए जिले के राजकीय इंटर कॉलेज, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, शहीदे आजम सरदार भगत सिंह इंटर कॉलेज, लाल बहादुर शास्त्री महाविद्यालय, सरजू प्रसाद कन्या पाठशाला इंटर कॉलेज, कस्तूरबा बालिका इंटर कॉलेज, गांधी विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, सरस्वती देवी नारी ज्ञानस्थली महाविद्यालय, स्वामी विवेकानंद इंटर कॉलेज, जिगर मेमोरियल इंटर कॉलेज व राजकीय आश्रम इंटर कॉलेज समेत 11 इंटर कॉलेजों को परीक्षा केंद्र बनाया गया था।
इन परीक्षा केंद्रों पर कोई व्यवधान न हो इसके लिए सुरक्षा के व्यापक बंदोबस्त किए गए थे। प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर एक सेक्टर मजिस्ट्रेट व एक पर्यवेक्षक की तैनाती की गई थी। परीक्षा केंद्रों पर नकल विहीन परीक्षा कराने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक एमपी सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अजय कुमार सिंह व डायट की प्रभारी प्राचार्य ममता चौधरी के नेतृत्व में तीन सचल दस्ते भी बनाए गए थे।
जिला विद्यालय निरीक्षक एमपी सिंह ने बताया कि टीईटी परीक्षा की प्रथम पाली में 5435 अभ्यर्थियों को शामिल होना था, जिसमें 4916 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए, जबकि 519 अभ्यर्थियों ने परीक्षा छोड़ दी। इसी तरह दूसरी पाली में भी 4914 अभ्यर्थियों के स्थान पर 4141 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जबकि 773 अभ्यर्थी परीक्षा से अनुपस्थित रहे।