गोंडा। वजीरगंज स्थित देवीपाटन मंडल के पहले प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र से अब तक 75 क्विंटल प्लास्टिक कचरे का सफल निस्तारण किया जा चुका है। इस कचरे में मुख्य रूप से सिंगल यूज़ प्लास्टिक और प्लास्टिक की बोतलें शामिल हैं।
निस्तारित प्लास्टिक कचरे का उपयोग अब लोक निर्माण विभाग, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग और जिला पंचायत की सड़क निर्माण परियोजनाओं में किया जाएगा। यह कदम स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत उठाया गया है, जिसका उद्देश्य प्लास्टिक कचरे के प्रभावी प्रबंधन को बढ़ावा देना है। रिसाइकिल योग्य प्लास्टिक को स्क्रैप डीलरों के माध्यम से फिर से उपयोग में लाया जाएगा, जबकि गैर-रीसाइक्लेबल प्लास्टिक को विखंडित कर सड़क निर्माण और सीमेंट उद्योगों में उपयोग किया जाएगा।
जिलाधिकारी नेहा शर्मा ने कहा कि यह केंद्र प्लास्टिक कचरे के प्रबंधन का बेहतरीन उदाहरण प्रस्तुत करता है। हमें सभी को मिलकर प्लास्टिक कचरे के सही निस्तारण में सहयोग करना चाहिए, ताकि हम अपने जिले को स्वच्छ और पर्यावरण के अनुकूल बना सकें। यह पहल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो न केवल कचरे को कम करेगा बल्कि स्थानीय बुनियादी ढांचे के विकास में भी सहायक सिद्ध होगा।