पंचायत चुनाव के अंतिम चरण में गुरुवार को शांतिपूर्ण मतदान कराने की व्यवस्था चुनावी हिंसा के दाग से बच नहीं सकी। जिला प्रशासन की ओर से किए गए तमाम तामझाम के बावजूद मतदान के दौरान मारपीट, फर्जी वोटिंग को लेकर बमबाजी व बूथ लूटकर बैलेट बॉक्स कुएं में फेंके गए। गुरुवार को तरबगंज तहसील क्षेत्र के सभी बूथों पर 66.7 प्रतिशत मतदान हुआ। वहीं, ग्राम प्रधान व क्षेत्र पंचायत सदस्य पद के लिए कुल 4652 उम्मीदवारों की किस्मत मतपेटियों में बंद हो गईं।
विभिन्न मतदान केंद्रों पर सुबह से वोट डालने के लिए मतदाताओं की भीड़ जमा रही। कई बूथों पर युवाओं व युवतियों ने पहली बार मतदान कर खुशी जताई।
अंतिम चरण में तरबगंज ब्लॉक में 64 प्रतिशत, बेलसर ब्लॉक में 70 प्रतिशत, वजीरगंज ब्लॉक में 70 प्रतिशत व नवाबगंज विकास खंड में 63.3 प्रतिशत मतदान हुआ।
अंतिम चरण में सुबह काफी कोहरा होने के बावजूद मतदाताओं की बूथों पर सुबह से ही वोट डालने के लिए कतारें लगी रहीं।
वोटरों में महिलाओं व युवाओं ने भी मतदान करने के लिए खूब दम दिखाया। वोट डालने के लिए कई बूथों पर वोटरों की लंबी-लंबी कतारें लगी रहीं।
हर किसी को अपने गांव की बेहतर सरकार बनाने की फिक्र थी। वहीं पिछले चुनाव में हुईं घटनाओं व कुछ दिन पहले अंतिम चरण वाले क्षेत्र में हुए चुनावी रंजिश को लेकर फायरिंग के बाद से जिला प्रशासन ने शांतिपूर्ण मतदान कराने का बड़ा तैयारी खाका खींचा था, लेकिन कई स्थान पर हुईं वारदातों से सिस्टम आखिरकार फेल साबित हुआ।