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Gonda News: संवारे जाएंगे 58 और आंगनबाड़ी केंद्र

Tue, 02 Jan 2024 11:48 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
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गोंडा। जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों को लर्निंग लैब के तौर पर विकसित किया जाएगा। दूसरे फेज में 58 आंगनबाड़ी केंद्रों का चयन किया गया है। जहां मनरेगा व ग्राम निधि के माध्यम से दो-दो लाख रुपये खर्च कर 18 मानकों पर आंगनबाड़ी केंद्र दुरुस्त कराए जाएंगे। इसमें बच्चों को बैठने के लिए डेस्क-बेंच के साथ ही सुरक्षा के लिए बाउड्रीवॉल व गेट समेत अन्य इंतजाम होंगे।
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बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की ओर से तीन से छह साल के बच्चों को पढ़ाने के लिए नई शिक्षा नीति के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों को उच्चीकृत किया जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि प्राथमिकता के आधार पर आंगनबाड़ी केंद्रों को सुरक्षित बनाना है और स्वच्छ पेयजल का इंतजाम किया जाना है। ओवरहेड टैंक के साथ नल से जल की व्यवस्था दुरूस्त की जाएगी। वॉशरूम में नलजल आपूर्ति की व्यवस्था होगी।
बाल मैत्रिक, दिव्यांग, महिला वॉशरूम में टाइलीकरण, मल्टीपल हैंडवाशिंग यूनिट, फर्श की टाइलीकरण और कक्षा-कक्ष में ब्लैक-बोर्ड व ग्रीन बोर्ड का इंतजाम किया जाएगा। आंगनबाड़ी केंद्रों की रंगाई-पुताई एवं बाल चित्रकारी, रेलिंग युक्त रैंप, विद्युत कनेक्शन, लाइट व पंखे की व्यवस्था की जाएगी। परिसर सुरक्षित करने के लिए गेट व बाउंड्रीवाल का इंतजाम होगा। रसोईघर में सिंक के नल-जल की व्यवस्था रहेगी। डेस्क और बेंच का समुचित इंतजाम होगा। आंगनबाड़ी केंद्रों में सिर्फ पंजीरी ही नहीं उन्हें पढ़ाई-लिखाई के लिए समुचित माहौल मिलेगा।
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एक-एक लर्निंग लैब की मिल चुकी है सौगात
सभी ब्लॉकों में एक-एक आंगनबाड़ी केंद्र को लर्निंग लैब के तौर पर विकसित किया जा चुका है। पहले चरण में कुल 16 लर्निंग लैब का शुभारंभ हो चुका है। जबकि जिले में 823 आंगनबाड़ी के विभागीय भवन हैं। 77 आंगनबाड़ी केंद्र पंचायत भवन व सामुदायिक भवन में संचालित किए जा रहे हैं। ऐसे में दूसरे फेज के लिए 58 आंगनबाड़ी का चयन किया गया है।
इन आंगनबाड़ी केंद्रों का होगा कायाकल्प
बिशुनपुर, मधईपुर, बल्लीपुर-1, बनकसिया-1, अयाह, पूरे पंड़ित वृंदावन, जंहदरया, पूरे मुसद्दी-1, पूरे मुसद्दी-2, गुइसरी, प्लौली, ठकुरापुर, चंगेरी, सुसुंडा (प्रथम), मरचौर, अगयामाफी, शीतलगंज ग्रंट, छपिया (कुसमी), छपिया, सुरूवार बुजुर्ग (चुरिहारपुर), खपरीपारा, मरैला, बड़हरा, सवना, दौलतपुर माफी, मुंगरही, रेरुआ, मलौना, बांसगांव, कैथोला, धोबहाराय, तुलसीपुर कोड़री, रमवापुर गोविंदा, तेलयानी उपाध्याय, भटवलिया, दत्तनगर विसेन, निधि नगर, केवलपुर, कलंदरपुर तोर, पंड़री शंकर, गोविंदपारा, कलंदरपुर चौबे, मैनपुर, महादेवा, कल्याणपुर, सूरजापुर, करौंदी, पहली-2 (दलपतपुर), दौलतपुर-2, शोभापुर, रैगांव, वजीरगंज, रामपुर खरहटा और बौरिहा को शामिल किया गया है।
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जरूरी इंतजाम किए जाएंगे
जिला कार्यक्रम अधिकारी मनोज कुमार मौर्य के अनुसार, पहले चरण में सभी ब्लॉकों में आंगनबाड़ी केंद्रों को लर्निंग लैब के तौर पर विकसित किया गया है। दूसरे चरण में 58 आंगनबाड़ी केंद्र शामिल किए जा रहे हैं। मनरेगा व ग्राम निधि के माध्यम से प्रत्येक केंद्र पर दो-दो लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। तीन से छह साल के बच्चों को समुचित माहौल देने के लिए कुल 18 पैरामीटर पर जरूरी इंतजाम किए जाएंगे।
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