मंडलायुक्त रवि प्रकाश अरोड़ा के निर्देश पर रबी व खरीफ 2014 की फसलों की बोआई करने वाले 3566 किसानों को उनकी फसलों की क्षतिपूर्ति के लिए 2.20 करोड़ रुपये की राशि बैंकों के माध्यम से उनके खातों में भेज दी गई है। आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि बीमा कंपनियों की ओर से मिली राशि को तीन दिनों के भीतर लाभार्थी किसानों के खातों में भेजना सुनिश्चित करें।
संशोधित राष्ट्रीय बीमा योजना के कार्यों की समीक्षा के दौरान आयुक्त ने यह निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि मंडल में फसल बीमा कंपनियाें को निर्देश दिए गए हैं कि वे मंडल में अधिक से अधिक किसानों को राष्ट्रीय बीमा योजना से आच्छादित करें।
उन्होंने बैंक अधिकारियों को बैक ऋणी किसानों को अनिवार्य रूप से फसल बीमा के प्रीमियम की कटौती उनके खाते से करके संबंधित बीमा कंपनी को प्रीमियम उपलब्ध कराने को कहा है। साथ ही निर्देश दिए कि खरीफ की फसलों के लिए यह राशि हर स्थिति में 31 जुलाई से पूर्व ही कटौती कर लें।
उन्होंने कहा कि गैर ऋणी किसान स्वेच्छानुसार अपने नजदीकी बैंकों में जाकर अपनी फसल के प्रीमियम की कटौती की राशि बैंक में जमा करा कर अपनी फसल को सुरक्षित कर लें। उन्होंने मंडल में खाद-बीज की भी समीक्षा की तथा अधिकारियों को निर्देश दिए कि खरीफ की फसलों के लिए उर्वरक की समुचित व्यवस्था रखें, जिससे किसी किसान को परेशानी न हो सके।
समीक्षा के दौरान मंडलायुक्त को बताया गया कि 1555 किसानों को खरीफ 2014 के अंतर्गत फसल बीमा का लाभ मिलना है, जिसमें गोंडा के 89 किसानों को 2.78 लाख, बलरामपुर के 64 किसानों को 6.91 लाख, जनपद बहराइच के 909 किसानों को 72.61 लाख तथा जनपद श्रावस्ती के 493 किसानों को 34.45 लाख रुपये की राशि फसलों की क्षतिपूर्ति हेतु बैंकों के माध्यम से किसानों के खातों में भेजी गई है।
इसी प्रकार 2011 किसानों को रबी 2014-15 में संशोधित राष्ट्रीय कृषि बीमा योजना के तहत गोंडा के 718 किसानों को 26.13 लाख, जनपद बलरामपुर के 354 किसानों को 24.11 लाख, जनपद बहराइच के 524 किसानों को 36.42 लाख तथा श्रावस्ती के 412 किसानों को 17.59 लाख रुपये की राशि प्रदान की गई है।
इस मौके पर अपर आयुक्त प्रशासन अच्छेलाल, संयुक्त कृषि निदेशक आरसी लाल सहित मंडल के सभी जनपदों के उप निदेशक कृषि सहित बीमा कंपनियों एवं बैंकों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।