जिला पंचायत सभागार में आयोजित बैठक में मौजूद प्रधानाचार्य। - संवाद
बेलसर। छात्रवृत्ति के पात्र विद्यार्थियों के आवेदन अग्रसारित करने में लापरवाही बरतने वाले शिक्षण संस्थानों पर अब कार्रवाई की तैयारी है। सोमवार को जिला पंचायत सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में 33 हजार से अधिक आवेदन कॉलेज स्तर पर लंबित मिलने पर सीडीओ दयानंद प्रसाद ने नाराजगी जताई गई।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को लापरवाही पर विद्यालयों को मान्यता प्रत्याहरण का नोटिस देने और सरकारी व सहायता प्राप्त विद्यालयों के प्रधानाचार्यों तथा नोडल शिक्षकों का वेतन रोकने की कार्रवाई के निर्देश दिए। बैठक में पूर्वदशम (कक्षा 9-10) और दशमोत्तर (कक्षा 11-12) छात्रवृत्ति योजना की प्रगति की समीक्षा की गई। पूर्वदशम में 26,967 आवेदन फाइनल सबमिट हुए, जिनमें 8,830 कॉलेजों ने अग्रसारित किए और 30 निरस्त किए गए। 18,107 आवेदन कॉलेज स्तर पर लंबित हैं। दशमोत्तर में 21,410 फाइनल आवेदन में से 6,437 अग्रसारित और 43 निरस्त किए गए। 14,930 आवेदन लंबित हैं।
जीजीआईसी गोंडा की प्रगति शून्य मिलने पर सीडीओ ने नाराजगी जताई। कन्हैया लाल इंटर कॉलेज करनैलगंज की भी खराब प्रगति पर अधिकारियों ने फटकार लगाई। बैठक से अनुपस्थित प्रधानाचार्यों और शिक्षकों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. रामचंद्र व जिला समाज कल्याण अधिकारी एसपी सिंह ने कहा कि छात्रवृत्ति कार्य में लापरवाही और बैठकों से अनुपस्थित रहने वालों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। छात्रवृत्ति के नाम पर किसी तरह की वसूली की शिकायत मिलने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।