सीमा विवाद में 22 घंटे नदी में सड़ता रहा बच्चे का शव
बाराबंकी जिले का मामला बताकर भंभुवा पुलिस ने झाड़ा पल्ला
शुक्रवार को घाघरा नदी में नहाने गया था बच्चा, डूबकर हुई थी मौत
अमर उजाला ब्यूरो
करनैलगंज/गोंडा। डीजीपी भले ही अपने मातहतों को मानवीय संवेदनाओं के कितने भी पाठ क्यों न पढ़ा लें। लेकिन पुलिस है कि वह अपनी पुलिसिंग का रवैया कतई बदलने को तैयार नहीं है। गौरासिंघनापुर गांव के रहने वाले राघेश्याम का 10 साल का बेटा शुक्रवार को घाघरा नदी में नहाते समय डूब गया था। जिसकी शिकायत लेकर बाप खुद भंभुवा पुलिस चौकी गया और पुलिस से बच्चे को खोजने की मिन्नतें भी की। लेकिन पुलिस ने उसकी एक न सुनी और मामला बाराबंकी जनपद का बताकर इससे पल्ला झाड़ लिया। शनिवार को बच्चे का शव जब नदी मे उतराता दिखाई दिया तो ग्रामीणों ने उसे बाहर निकाला।
भंभुवा पुलिस चौकी क्षेत्र में एक गांव पड़ता है गौरासिंहनापुर। जहां रहने वाले राधेश्याम का 10 साल का बेटा अक्षय लाल शुक्रवार को अपने दोस्तों से साथ खेलते-खेलते घाघरा नदी के किनारे गया था। गांव के बच्चों के साथ अक्षय लाल नदी में नहाने लगा। तभी अचानक उसका पैर नदी में फिसल गया और वह डूबने लगा। गांव के बाकी बच्चों से जब इसकी सूचना राधेश्याम को लगी, तो वह दौड़ा-दौड़ा भंभुवा पुलिस चौकी पर पहुंचा और वहां पुलिसकर्मियों से पूरी बताई। लेकिन यहां की पुलिस घंटों बाद जब मौके पर पहुंची तो उसने बाराबंकी का मामला का बताकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया और बच्चे को खोजने तक का कोई प्रयास नहीं किया। जिसके बाद पूरी रात परिवार के लोग घाघरा नदी के एक किनारे से दूसरे किनारे बच्चे को खोजते रहे। यहां तक कि नदी में नाव के सहारे भी बच्चे को खोजा गया। पर उसका कहीं कोई पता नहीं चला। शनिवार को बच्चे का शव नदी में उतराता देख ग्रामीणों ने जैसे ही बच्चे को नदी से बाहर निकाला। पूरे परिवार में चीख-पुकार मच गई। इस बारे में सीओ सबीहुल हम्द से पूछे जाने पर उन्होंने बताया कि उनकी जानकारी में तो फिलहाल ऐसा कोई मामला नहीं आया है। लेकिन अगर भंभुवा पुलिस ने इस तरह की किसी मानवीय संवेदना को दरकिनार किया है तो यह वाकई में बेहद गंभीर प्रकरण है। जिसकी जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। क्योंकि पुलिस का काम लोगो की मदद करना है। जिसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं है।
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सरयू नदी से बरामद किया युवक का अर्धनग्न शव
कोतवाली क्षेत्र के ग्राम कचनापुर के पास सरयू नदी से शनिवार को पुलिस एक 25 वर्षीय युवक का अर्धनग्न शव बरामद किया है। शनिवार की सुबह कचनापुर गांव के लोगों को एक युवक का शव नदी में उतराता दिखाई दिया। जिसकी सूचना ग्रामीणों ने प्रधान प्रतिनिधि राकेश मोहन तिवारी को दी और उन्होंने इससे पुलिस को अवगत कराया। सूचना पाकर सीओ सबीहुल हम्द व कोतवाल अंगद राय मौके पर पहुंचे और शव को नदी से निकलवाने के बाद उसे पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस के मुताबिक पानी मे पड़े होने के कारण युवक का शव कई जगहों से सड़ गया है। वहीं प्रत्यक्षदर्शी युवक को मारकर नदी में फंके जाने की आशंका जता रहे हैं। फिलहाल समाचार भेजे जाने तक युवक की शिनाख्त भी नहीं हो पाई थी। कोतवाल अंगद राय के मुताबिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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महिला को मरा जानकर रेलवे यार्ड में फेंका
गोंडा। 40 वर्षीय एक महिला को कुछ लोग मरा जानकर रेलवे यार्ड में फेंक गए। जिसकी सूचना रेलवे ट्रैक मैन अयोध्या प्रसाद से मिलने के बाद आरपीएफ ने महिला को बेहोशी की हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। आरपीएफ इंस्पेक्टर एमके खां के मुताबिक महिला के पेट व गले में चोट के निशान हैं। जिसकी शिनाख्त अभी तक नहीं हो सकी है। महिला अपने होश में नहीं है। बताते है कि शनिवार को रेलवे ट्रैक मैन अयोध्या प्रसाद पेट्रोलिंग कर रहा था कि उसे यार्ड के किनारे एक 40 वर्षीया महिला ट्रैक के किनारे पड़ी दिखाई दी। इसकी सूचना उसने तत्काल आरपीएफ को दी। जिसके बाद मौके पर पहुंचे आरपीएफ इंस्पेक्टर ने तत्काल 100 नम्बर पर सूचना देकर महिला को जिला अस्पताल के सर्जिकल वार्ड में भर्ती कराया। इंस्पेक्टर के मुताबिक महिला को मरा जानकर यहां फेंका गया था। चूंकि महिला अभी बेहोश है, इसलिए उसका बयान वह दर्ज नहीं कर सके हैं। जैसे ही वह होश में आती है, उसका बयान दर्ज कर लिया जाएगा। वहीं महिला कहां की है और यहां कैसे आई। इस बावत भी उसकी शिनाख्त न हो पाने के कारण कुछ पता नहीं लग पाया है।