गोंडा। पंचायत चुनाव की तैयारी में निर्वाचन विभाग तैयारी में जुटा है। मतदाता सूची के पुनरीक्षण अभियान के साथ ही अन्य तैयारियां भी हो रही हैं। एक करोड़ 10 लाख बैलेट पेपर से जिले की जनता 1054 पंचायतों में प्रतिनिधियों का चुनाव करेंगी। चुनाव से 1044 प्रधान समेत 15 हजार 721 प्रतिनिधियों को जनता चुनेगी।
पंचायत चुनाव प्रधान पद के साथ ही ग्राम पंचायत सदस्य, क्षेत्र पंचायत सदस्य और जिला पंचायत सदस्य के लिए होंगे। इसमें इस बार करीब 27 लाख मतदाता अपनी ताकत दिखाएंगे और पंचायत की सरकार चुनेंगे। इसके लिए एक करोड़ 10 लाख के करीब बैलेट पेपर का उपयोग होने का अनुमान है। बैलेट पेपर की छपाई के लिए रिपोर्ट भेजी जा चुकी है। प्रयागराज के राजकीय प्रिंटिंग प्रेस से बैलेट छपकर जिले को मिलेंगे।
पंचायत चुनाव की तिथियां अभी भले ही तय नहीं हैं, लेकिन 29 दिसम्बर तक मतदाता सूची तैयार करने की कार्रवाई पूरी हो रही है। 1400 से अधिक बीएलओ गांवों में मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्य कर रहे हैं। वर्ष 2015 में जिले के पंचायत चुनाव की मतदाता सूची में 24 लाख 21 हजार मतदाता दर्ज थे।
इस बार इसकी संख्या बढ़कर 27 लाख से अधिक होने का अनुमान है। बीएलओ की ओर से किए जा रहे सर्वे से संकेत मिले हैं कि 10 से 12 फीसदी मतदाता बढ़ सकते हैं। इसी आधार पर चुनाव में बैलेट पेपर के आवश्यकता का भी अनुमान लगाया गया है। निर्वाचन आयोग ने पदवार बैलेट पेपर तैयार करने का आदेश दिया है और इसी आधार पर बैलेट पेपर की छपाई की कार्रवाई शुरू हो गई है।
जिले में पंचायतों के परिसीमन की कार्रवाई वर्ष 2015 में लागू नहीं हो पाई थी। 149 नई पंचायतों के गठन का प्रस्ताव तैयार हुआ था लेकिन लागू नहीं हो पाया। हाल ही में भाजपा की एक कार्यशाला में परिसीमन की कार्रवाई कराने के दावे किए गए हैं जिससे लोगों की निगाहें टिकी हैं कि वर्ष 2015 में तय किया गया परिसीमन ही लागू होगा या फिर नए सिरे परिसीमन होगा।
इसके अलावा आरक्षण की क्या व्यवस्था होगा। इन दोनों मुद्दों पर अभी विभाग को कोई निर्देश नहीं मिले हैं जिससे लोगों में असमंजस्य की स्थिति बनी हुई है। पंचायत राज विभाग भी निर्देशों के इंतजार में है। फिलहाल निर्वाचन विभाग की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। जिससे चुनावी माहौल गांवों में बना हुआ है।
सहायक निर्वाचन अधिकारी पंचायत नारायण ने बताया कि पंचायत चुनाव के लिए मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्य गांवों में तेजी से हो रहा है। मतपत्रों की छपाई राज्य स्तर से होनी है। जिले में बीएलओ मतदाता सूची के सत्यापन व नए मतदाताओं को जोड़ने का कार्य कर रहे हैं।