गोंडा। खरीफ सीजन 2019 में जिले के पांच लाख किसानों को डायरेक्ट बेनीफिट ट्रांसफर (डीबीटी) योजना के तहत 2,251 क्विंटल बीज का वितरण किया जाएगा। जिले के सभी 16 विकास खंडों के कृषि बीज गोदामों पर बीज वितरण का कार्य शुरू हो चुका है। पंजीकृत किसानों को उनके खतौनी के मुताबिक खरीफ सीजन में बोआई के लिए बीज का वितरण किया जाएगा। किसानों को बीज खरीद पर बीज पर घोषित सब्सिडी की रकम सीधे किसानों के बैंक खाते में भेजी जाएगी।
जिले में करीब 2.50 लाख हेक्टेयर में खरीफ सीजन के फसलों की बोवाई की जाती है। जिले में बोवाई की जाने वाली प्रमुख फसलों में धान, मक्का, अरहर, उरद, तिल व मूंग आदि शामिल है। जिले में शासन की ओर से 2,251 क्विंटल सरकारी विभाग की ओर से बीज वितरण करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके अलावा अलग अलग कई मल्टीनेशन कम्पनियों की ओर से भी शासन की ओर से निर्धारित शर्तों पर बीज गोदामों पर किसानों को संकर प्रजाति के बीज का वितरण करने की व्यवस्था की है। किसानों को सब्सिडी पर कई अच्छी व उन्नतशील प्रजाति का बीज मिल सकेगा। सब्सिडी पर बीज प्राप्त करने के लिए किसान पोर्टल पर बीज के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कराना होगा। जिले के सभी ब्लॉक गोदामों पर कंपनियों की ओर से संकर प्रजाति का बीज सुचारु रूप से वितरण करने के लिए जिला कृषि अधिकारी की व संबंधित कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की जा चुकी है। जिला कृषि अधिकारी की ओर से नियम शर्तों से कंपनी के लोगों को अवगत कराया जा चुका है। सभी बीज कंपनियों को किसानों को बीज वितरण करने पर वितरण रजिस्टर पर किसान का हस्ताक्षर कराना अनिवार्य होगा। इसके अलावा हर हाल में किसानों को बीज की बिक्री करने पर रसीद देनी होगी। जिस पर बीज की प्रजाति, मात्रा कीमत के अलावा कंपनी के प्रतिनिधि का हस्ताक्षर होगा। किसानों से अपील की गई है कि वह कहीं भी बीज प्राप्त करें दुकानदार से रसीद जरूर प्राप्त कर लें।
विभाग में उपलब्ध खरीफ सीजन के फाउंडेशन धान की सीड्स
* सांभा-सव 1 * नरेन्द्र-2064 * नरेन्द्र-2065 * नरेन्द्र-3112 * बीपीटी-5204।
कंपनी की संकर प्रजाति का धान बीज व बिक्री कीमत
बीज की प्रजाति कीमत प्रति किलो
यूएम-312 280
यूएम -382 257
जेआरएच-5 240
टीएनआरएच-174 267
पीएसी-837 275
पीएसी-801 275
पीएसी-8744 275
एराईज-6444 गोल्ड 285
एनपीएच-8899 265
एसएडब्ल्यूए-127 290
बीआईओ-799 235
एस-400 283
इनडाम 200 270
वीएनआर 2355 272
जेकेआरएच 401 250
27 पी 31 व 63- 300
संकर मक्का बीज व कीमत
पीएसी-740 151
पीएसी-751 260
एनएमएच 920- 147
एनएमएच 803 160
एलजी-32 160
सीड टेक 120
बिस्को-555 110
सीओएच 171
जेकेएमएच 1701 130
सहकारिता के चार विभागों ने नहीं उठाया बीज
बीज वितरण में सहकारिता के अलावा तीन अन्य बीज वितरण एजेंसियों ने प्रशासनिक आदेशों को ठेंगा दिखा दिया है। बीज वितरण का काम शुरू हो चुका है लेकिन विभागों ने अभी तक कृषि विभाग के केन्द्रीय बीज बफर से बीज नहीं उठाया है। खरीफ सीजन में जिला प्रशासन की ओर से सहकारिता विभाग को भी बीज वितरण करने का लक्ष्य दिया गया है। अब जब खरीफ सीजन के लिए बीज वितरण का पीक समय शुरू हो चुका है ऐसे समय में सहकारिता विभाग की लापरवाही सामने आयी है। जिला प्रशासन की ओर से सहकारिता विभाग को 50 क्विंटल, एग्रो को 50 क्विंटल, बीज विकास निगम को 307 क्विंटल, एनएससी ने 100 क्विंटल बीज नही उठाया है। कृषि विभाग की ओर से अब इस मामले की जानकारी जिलाधिकारी को दी गई है। विभाग अब संबंधित विभाग के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई किये जाने की तैयारी शुरू कर दी है।
फिर दे दी दागी कंपनी को बीज बिक्री की अनुमति
हैदराबाद की दागी पॉयनियर बीज कंपनी को शासन की ओर से फिर बीज बिक्री की अनुमति दे दी गई है। दो साल पहले कृषि विभाग की ओर से पॉयनियर बीज कंपनी के धान के 27 पी-63 का नमूने की बीज प्रयोगशाला में जांच करायी थी तो फेल पाया गया था। इस मामले में कृषि विभाग ने हैदराबाद की पॉयनियर बीज कंपनी के जीएम के खिलाफ कोतवाली देहात में मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज होने के बाद कार्रवाई से बचने के लिए कंपनी के जीएम की ओर से कोर्ट से अरेस्ट स्टे ले लिये जाने से पुलिस ने मामले की विवेचना कर चार्जशीट कोर्ट में भेज दिया था जो विचाराधीन है।
बीज वितरण में अनियमितता करने वालों पर होगी एफआईआर
किसान बीज गोदामों से बीज प्राप्त कर सक ते हैं। किसान बीज बिक्री के बाद रसीद लेना न भूलें। किसानों को सही मात्रा में उचित दर पर बीज की बिक्री किया जाना है। इसके लिए सभी विभागीय कर्मचारियों व बीज कंपनियों के अधिकारियों को निर्देश दिया जा चुका है। बीज वितरण में अनियमितता करने पर संबंधित कंपनियों के जिम्मेदारों पर केस दर्ज कराया जाएगा। बीज कंपनियों को बीज वितरण की अनुमति देने न देने का निर्णय सिर्फ शासन स्तर से लिया जाता है। -जेपी यादव, जिला कृषि अधिकारी गोंडा।