गोंडा। जिले में छात्र संख्या के आधार पर विद्यालयों का युग्मन (जोड़ना) शुरू हो गया है। पहले चरण में 112 विद्यालय का युग्मन किया जाएगा। बीईओ की ओर से प्रस्ताव दिया गया है।
बीएसए अतुल कुमार तिवारी ने बताया कि जिले में विद्यालयों को युग्मन के लिए बीईओ की ओर से 112 विद्यालयों का प्रस्ताव मिला है। छात्र व अभिभावकों के साथ ही प्राधिकारियों से सहमति ली गई है। पहले चरण में विद्यालयों का युग्मन किया जा रहा है।
बीईओ झंझरी डॉ. सम्मय प्रसाद पाठक ने बताया कि 40 से कम नामांकन वाले विद्यालयों को पास के विद्यालयों में मर्जर करने के लिए बीएसए को प्रस्ताव दिया है। उनके शिक्षा क्षेत्र में 198 विद्यालयों में से 28 को मर्ज करने का प्रस्ताव है। बताया कि बच्चों के लिए स्कूल की पहुंच के साथ ही अभिभावकों से सहमति ली गई है। इससे किसी भी विद्यार्थी को स्कूल आने-जाने में असुविधा नहीं होगी। अन्य शिक्षा क्षेत्रों से बीईओ की ओर से सर्वे के आधार पर विद्यालयों के मर्जर का प्रस्ताव बीएसए को दिया गया है।
शिक्षक बोले, नियमों का हो रहा उल्लंघन
गोंडा। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष आनंद त्रिपाठी और जिलामंत्री विजय नारायण पांडेय ने बीएसए को पत्र लिखा है। इसमें इस कार्यवाही पर रोक लगाने की मांग की गई है। बताया कि जिले में कम नामांकन के आधार पर विद्यालयों का मर्जर व युग्मन हो रहा है। जबकि अभिभावक व शिक्षकों से न कोई वार्ता की गई और न ही बीएसए कार्यालय में शिकायत निवारण व फीडबैक के लिए प्रभावी तंत्र स्थापित किया गया है। शिक्षकों का कहना है कि खंड शिक्षाधिकारियों की ओर से छात्र संख्या को लेकर अलग-अलग मानक पर युग्मन व मर्जर के लिए प्रस्ताव दिया जा रहा है। इसमें किसी की सहमति नहीं ली गई है। मीडिया प्रभारी वीरेंद्र त्रिपाठी का कहना है कि शिक्षक संघ इस प्रयोग के खिलाफ है।