फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

युवाओं ने हाथों में तिरंगा लेकर नीति का विरोध

विज्ञापन
विज्ञापन
सेना में भर्ती की नई नीति के विरोध में देश के अलग-अलग हिस्सों में हुए बवाल को देखते हुए जिला एवं पुलिस प्रशासन शुक्रवार को हरकत में रहा। स्टेशनों पर रेलवे सुरक्षा बल एवं पुलिस की चाक-चौबंद व्यवस्था की गई थी। भर्ती की इस नीति के विरोध में ताजपुर एवं उससे जुड़े आसपास के गांव के युवाओं ने हाथों में तिरंगा लेकर ताजपुर डेहमा रेलवे स्टेशन सहित चट्टी एवं बाजार में घूम कर इसका विरोध करते हुए इसे वापस लेने की मांग की। युवाओं के विरोध को देखते हुए ताजपुर चट्टी के दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद रखीं।
विज्ञापन

लट्ठूडीह संवादताता के अनुसार बिल का विरोध कर रहे युवाओं को उप जिलाधिकारी मुहम्मदाबाद ने समझा-बुझाकर वापस भेज दिया। इस दौरान युवाओं ने प्रशासन को विरोध स्वरूप एक पत्रक सौंपा। दुल्लहपुर संवाददाता के अनुसार सेना भर्ती के लिए तैयारी कर रहे दर्जनों युवाओं को वाराणसी रैली में शामिल होने के लिए जाते समय शुक्रवार की सुबह भुडकुड़ा के क्षेत्राधिकारी गौरव कुमार ने कोतवाल राजू दिवाकर एवं पुलिस कर्मियों के साथ दोनों प्लेटफार्म पर घेराबंदी कर समझा-बुझाकर वापस भेजने का काफी प्रयास किया। इसके बावजूद छपरा से वाराणसी जाने वाली इंटरसिटी के पहुंचते ही युवा बिखर गए। दक्षिणी आउटर सिग्नल के पास जत्था के रूप में इकट्ठा होकर चेन पुलिंग करवाकर ट्रेन को पकड़कर वाराणसी के लिए रवाना हो गए।
गोरखपुर से दादर जाने वाली ट्रेन को एक घंटा 20 मिनट तक जखनिया रेलवे स्टेशन पर रोकने के बाद आगे के लिए रवाना किया गया। उप जिलाधिकारी ने कृषक ट्रेन की गहन जांच की। उत्तरी केबिन से दक्षिणी केबिन, दोनों प्लेटफार्म सहित बाजार से स्टेशन जाने वाले सभी मार्गों पर पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया था। दुल्लहपुर के थानाध्यक्ष शैलेश मिश्रा सुबह स्टेशन पर पहुंच गए और वहां पर जा रहे नौजवानों से पूछताछ कर बेवजह जाने वालों को बाहर कर दिया। नायब तहसीलदार जयप्रकाश सिंह और सीओ गौरव कुमार ने छपरा इंटरसिटी एक्सप्रेस की जांच किया। उसके बाद भटनी पैसेंजर वाराणसी की तरफ 8:13 पर रवाना हुई। दादर एक्सप्रेस को अमारी रेलवे फाटक पर 20 मिनट चेन पुलिंग कर कुछ नौजवान ट्रेन पर सवार हुए। उसके बाद 10 बजे रेलवे कंट्रोल का निर्देश आते ही हर जगह ट्रेनों को रोक कर बारीकी से जांच कर युवाओं को नीचे उतारा गया। दुल्लहपुर के स्टेशन अधीक्षक सुमंत ने बताया कि भटनी से वाराणसी सिटी जाने वाली, वाराणसी से भटनी जाने वाली, वाराणसी सिटी से आजमगढ़ जाने वाली, प्रयागराज से मऊ जाने वाली तथा मऊ से प्रयागराज जाने वाली अप-डाउन की ट्रेनें निरस्त रहीं। औड़िहार संवाददाता के अनुसार पैसेंजर से लगायत सभी मेल, एक्सप्रेस ट्रेनें कई घंटे विलंब से औड़िहार जंक्शन पर पहुंची। ट्रेनों के आने में देरी के चलते जंक्शन पर एकत्र यात्रियों में खासकर नवयुवकों को पुलिस ने समझा-बुझाकर घर वापस भेज दिया। सुबह छह बजे से लगायत दिन में दो बजे तक कुल 710 लोगों को घर वापस भेजा गया। औड़िहार जंक्शन के सभी रूटों वाराणसी-जौनपुर, गाजीपुर एवं गोरखपुर पर ट्रेनों का सामान्य संचालन बना रहा। प्रभारी निरीक्षक वंदना सिंह ने बताया कि शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए एहतियात के तौर पर चक्रमण किया गया। एसडीएम भारत भार्गव ने बताया कि क्षेत्र में शांति व्यवस्था कायम है। चेताया कि अगर कोई शांति व्यवस्था को भंग करने का प्रयास करता है तो उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

खानपुर संवाददाता के अनुसार वाराणसी गाजीपुर की सीमा पर सिधौना बाजार स्थित चौराहे पर उप जिलाधिकारी ओमप्रकाश गुप्ता, सीओ सैदपुर बलिराम के नेतृत्व में शुक्रवार की सुबह सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। चेकिंग के समय खासकर 17 वर्ष से 30 वर्ष के युवाओं को आवश्यक कार्य बताने पर ही वाराणसी जाने की अनुमति दी गई। सऔड़िहार से वाराणसी जा रही गाड़ी संख्या 15111 इंटरसिटी एक्सप्रेस को दिन में करीब नौ बजे सिधौना रेलवे क्रॉसिंग पर चेन पुलिंग कर ट्रेन रोक कर युवाओं ने पुलिस को देख नारेबाजी की।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें