राष्ट्रीय राजमार्ग-31 पर सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सड़क के बीच जलजमाव युक्त गड्ढे में कपड़े धोकर शासन-प्रशासन के विकास का कच्चा चिट्ठा खोला। सामाजिक संस्था समग्र विकास इंडिया के कार्यकर्ताओं का कहना था कि सड़कों के लिए हर कोई सरकारी टैक्स देता है। बदले में उसे जर्जर, दुर्घटनायुक्त एवं गरिमा के प्रतिकूल सड़कें मिलती हैं।
संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ब्रजभूषण दूबे ने प्रदेश एवं केंद्र सरकार के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासन को आड़े हाथ लेते हुए कहा की सड़कों के गड्ढे भरने की घोषणा कर अपनी पीठ थपथपाने वाले लोग गाजीपुर में तीन किलोमीटर तक अच्छी सड़क कहीं भी दिखा दें, तो हम जिला छोड़कर चले जाएंगे। अध्यक्षता कर रहे संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष कुंभनाथ जायसवाल ने कहा कि प्रदेश और केंद्र सरकार भिखारी से लेकर वाहन स्वामी तक से सड़कों के लिए टैक्स लेती है, लेकिन बदले में हमें जर्जर दुर्घटना युक्त सड़कें देती है। व्याख्याता गुल्लू सिंह यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्रदेश की सड़कों को गड्ढामुक्त करने के लिए 15 जून तक का समय दिया था लेकिन 5 जुलाई तक गड्ढे अभी भी मुंह खोले दिख रहे हैं। इस अवसर पर रुद्रेश कुमार निगम, केएन मौर्या, अंशु पांडेय, मोहम्मद मैनुद्दीन, हनुमान बिंद, सनाउल्लाह खान, शिवानंद उपाध्याय, अरुण राय, जावेद अहमद एवं अनिमेष जान आदि उपस्थित थे। संचालन मोहम्मद मोइनुद्दीन ने किया।