वाराणसी की विजिलेंस टीम ने मंगलवार को गाजीरपुर में विकासखंड स्थित एक आवास से ग्राम विकास अधिकारी (वीडीओ) को घूस लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। पूछताछ के बाद मुकदमा दर्ज कर उसका चालान कर दिया गया।
विजिलेंस टीम प्रभारी उपेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि भागीरथपुर गांव के निवर्तमान ग्राम प्रधान संतोष कुमार शर्मा ने शिकायत की थी कि पंचायत भवन के निर्माण में करीब 53000 रुपये मजदूरी के बकाया हैं। कई बार पत्राचार किया गया, लेकिन ग्राम विकास अधिकारी दस हजार रिश्वत मांग रहा है।
इस पर टीम गठित की गई और रणनीति के अनुसार संतोष शर्मा ने केमिकल युक्त नोट वीडीओ विनय यादव को दिया। जैसे ही उसने नोट पकड़ा टीम ने उसे रंगेहाथ दबोच लिया। उसके पास से पूरी रकम बरामद की और हाथ लगे केमिकल से घूस लेने की पुष्टि हो गई।
टीम ने वीडीओ के खिलाफ कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया। गिरफ्तार करने वाली टीम में संतोष कुमार दीक्षित, विजय नारायण प्रधान, पुनीत कुमार सिंह, सुनील कुमार यादव, नरेंद्र कुमार सिंह, अश्विनी कुमार पांडेय शामिल थे।
लगाया फंसाने का आरोप
जमानिया आरोपी ग्राम विकास अधिकारी विनय कुमार यादव ने आरोप लगाया कि निर्वतमान ग्राम प्रधान मजदूरी के भुगतान को लेकर दबाव बना रहा था। जबकि पूर्व में ही उन्हें अधिक भुगतान किया जा चुका है। इसके सापेक्ष कार्य भी पूर्ण नहीं है। धोखे से उसने हाथ में पैसा सटाकर मेरी जेब में डाल दिया।
उधर, ग्राम विकास अधिकारी के साथ कमरे में मौजूद निवर्तमान ग्राम प्रधान अभईपुर बबलू सिंह एवं लल्लन भारती सहित अन्य लोगों ने बताया कि संतोष शर्मा ने फंसाने की नीयत से धनराशि ग्राम विकास अधिकारी की जेब में जबरदस्ती डाली थी।