उसरी कांड में मुख्य अभियुक्त बृजेश सिंह से मंगलवार को एमपी/एमएलए कोर्ट में जिरह नहीं हो सकी। पीठासीन अधिकारी (जज) के छुट्टी पर होने से मामले की सुनवाई अब 29 अगस्त को होगी।
21 वर्ष पुराने बहुचर्चित मुहम्मदाबाद थानाक्षेत्र के उसरी चट्टी हत्याकांड में अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम/एमपी/एमएलए कोर्ट रामसुध सिंह की अदालत में मामला विचाराधीन है। इसके अनुसार 15 जुलाई 2001 को मुख्तार अंसारी अपने निर्वाचन क्षेत्र मऊ जा रहे थे। दोपहर12:30 बजे उसरी चट्टी पर उनके काफिले पर हमलावरों ने स्वचालित हथियारों से फायरिंग कर दी थी। इसमें मुख्तार अंसारी के गनर और हमलावरों में से एक की मौत हो गई थी। मुख़्तार अंसारी के साथ चलने वाले हमराही भी घायल हो गए थे। इसमें मुख्तार अंसारी ने बृजेश सिंह व त्रिभुवन सिंह को नामजद करते अन्य 15 अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराया था। विवेचना के बाद पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ आरोप पत्र प्रेषित किया। इसमें से दो आरोपियों की विचारण के दौरान मौत हो गई। पिछले कई तारीखों से गवाह उपस्थित होने के बावजूद गवाही न होने पर अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए अभियुक्त को हाजिर होने को कहा था। इसके बाद बृजेश सिंह सेंट्रल जेल वाराणसी से जमानत होने के बाद गाजीपुर कोर्ट में पहुंचे थे।