गाजीपुर। राजकीय होम्योपैथिक चिकित्सा महाविद्यालय में मानदेय में वृद्धि की मांग के लिए 11 दिन से चल रहा अनिश्चितकालीन हड़ताल को बीएचएमएस प्रशिक्षुओं मंगलवार को आखिरकार स्थगित कर दिया।
हालांकि, प्रशिक्षु लखनऊ में आयुष छात्रों पर हुई लाठीचार्ज के विरोध में बांहों पर काली पट्टी बांधकर ओपीडी पहुंच रहे मरीजों की इलाज किया है। प्रशिक्षुओं की हड़ताल खत्म होने से एक तरफ जहां मरीजों को काफी सहूलियत मिली है। दूसरी तरफ महाविद्यालय प्रशासन ने भी चैन की सांस ली है।
महाविद्यालय के प्रशिक्षु डॉ ऋषभ खरे ने बताया कि मानदेय में वृद्धि की मांग को लेकर 11 सितंबर से महाविद्यालय के प्रशिक्षुओं का अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू हुई थी, जो 11 दिनों तक चलती रही। इस दौरान महाविद्यालय के करीब 200 से अधिक छात्र व छात्राओं ने भी इस हड़ताल का समर्थन में प्रशिक्षुओं के साथ रहे।
महाविद्यालय के ओमकार, रविंद्र, अभिषेक, चंदन गुप्ता, परिक्रमा के साथ ही 12 प्रशिक्षुओं का प्रतिनिधिमंडल लखनऊ के हजरतगंज स्थित जीपीओ पार्क में आयुष छात्रों के प्रदर्शन में शामिल हुआ था।
लखनऊ के जीपीओ पार्क में शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे प्रशिक्षुओं पर पुलिस द्वारा लाठीचार्ज किया गया। इसके विरोध में हाथों पर काली पट्टी बांधकर ओपीडी में मरीजों का इलाज किया गया।
प्रशिक्षु महेंद्र प्रकाश शर्मा ने बताया कि महाविद्यालय के प्रशिक्षु और छात्रों ने अपनी अनिश्चितकालीन हड़ताल स्थगित कर दी है। लेकिन आश्वासन के बाद भी मानदेय में वृद्धि को लेकर हमारी मांग पूरी नहीं होने पर प्रशिक्षुओं और छात्रों ने दोबारा हड़ताल पर बैठने की चेतावनी दी। इस मौके पर मनोज कुमार, खान बसिउद्दीन, देविक, सताक्षी, श्रेया आदि मौजूद रहे।