प्रदर्शनी का निरीक्षण करते नगरपालिका अध्यक्ष विनोद अग्रवाल।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जन्म शताब्दी के उपलक्ष्य में सदर विकासखंड के क्षे़त्रीय ग्राम्य विकास संस्थान के परिसर में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के तत्वावधान एवं नेहरू युवा केंद्र के समन्वय में आयोजित तीन दिवसीय ब्लाक स्तरीय अंत्योदय मेला , प्रदर्शनी और व्याख्यान शुक्रवार को संपन्न हो गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि नगर पालिकाध्यक्ष विनोद अग्रवाल ने कहा कि पंडित दीनदयाल आदर्श व्यक्तित्व के धनी थे। वह जो सोचते थे, वही करते थे और जो कहते थे वही करते थे। उनकी सोच बहुत व्यापक थी लेकिन जीवन बहुत ही सरल था। वह निर्भीक व्यक्ति थे।
उन्होंने कहा कि हमारा देश भ्रष्टाचार मुक्त होकर पुन: विश्व गुरू बन सके, इसके लिए हम सबको मिलकर प्रयास करना होगा। नेहरू युवा केंद्र संगठन की उपनिदेशक डा. कुमारी ज्योत्स्ना ने कहा कि व्यक्ति मन, आत्मा और बुद्धि तीनों को मिलाकर ही एकात्म होता है। पंडित दीनदयाल का मानना था कि विकास के लिए लोगों का एकात्म होना बहुत आवश्यक है।
समाज को उन्नत बनाने के लिए स्वयं को उन्नत बनाना जरूरी है। इससे ही राष्ट्र का विकास होगा। माधव सरस्वती विद्या मंदिर सीनियर सेकेंड्री स्कूल के प्रवक्ता विनोद कुमार तिवारी ने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय के विचारों को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
राज्य प्रशिक्षक नागेंद्र कुमार सिंह ने कहा कि भीषण विषमता को समाप्त करने के लिए पंडित दीनदयाल के अंत्योदय दर्शन को अर्थव्यवस्था का आधार बनाना होगा। इसके पहले मुख्य अतिथि नगर पालिकाध्यक्ष, उपनिदेशक नेहरू युवा केंद्र संगठन एवं उपायुक्त मनरेगा अनय मिश्र आदि ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस अवसर पर माधव सरस्वती विद्या मंदिर सीनियर सेकेंड्री स्कूल के बच्चों ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जीवन दर्शन पर आयोजित भाषण प्रतियोगिता में भाग लिया। इसमें कक्षा-8 के आदित्य राज-पहले, कक्षा- 10 की आंचल दूसरे और कक्षा-7 के अंजेश तीसरे स्थान पर चयनित हुए।
इन छात्रों को 25 सितंबर को आयोजित जिला स्तरीय कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा। इस अवसर पर कार्यक्रम प्रभारी खंड विकास अधिकारी सदर मृदुला, धनंजय कुमार प्रजापति, प्रदीप कुमार, सत्यभामा पांडेय, उप प्रधानाचार्य मनोज कुमार श्रीवास्तव आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन नेहरू युवा केंद्र के सुभाषचंद्र प्रसाद ने किया। आभार अपर जिला सूचना अधिकारी राकेश कुमार ने व्यक्त किया।