बारा। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया यूपी-बिहार को जोड़ने वाले नेशनल हाईवे 124-सी पर इन दिनों अलग-अलग तरह के उपकरण एवं साइन बोर्ड लगाकर दुर्घटनाओं को रोकने के प्रयास में जुटा है। एनएचएआई का सबसे ज्यादा फोकस ब्लैक स्पॉट पर हो रही दुर्घटनाओं को रोकने पर है। चिह्नित किए गए ब्लैक स्पॉट पर रेलिंग लगाने का काम अंतिम चरण में है। तीन दिन में काम को पूरा कर लिया जाएगा।
यूपी-बिहार को जोड़ने वाले नेशनल हाईवे 124-सी पर कुछ स्थानों पर कमियों के कारण लोगों को दुर्घटनाओं का सामना करना पड़ रहा था। दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए एनएचएआई के अधिकारियों ने सर्वे कर ऐसे स्थानों को चिह्नित किया था, जहां दुर्घटनाएं अधिक होती थीं। ताड़ीघाट से बारा बिहार बॉर्डर तक दुर्घटना बाहुल्य जगहों पर एनएचएआई लोहे की रेलिंग लगवा रहा है। एनएचएआई के अधिकारियों ने बताया कि 39 किलोमीटर लंबे हाईवे पर 2800 मीटर रेलिंग लगाने का काम किया जाना है। जिसमें करीब 2400 मीटर रेलिंग लगाई जा चुकी है। कर्मचारियों ने बताया कि 400 मीटर रेलिंग का काम तीन दिन में पूरा कर लिया जाएगा।
अब तक हुए यह कार्य
बारा। अधिकारियों की मानें तो नेशनल हाईवे 124-सी पर स्थित कर्मनाशा पुल एवं तीन अन्य पुलियों की मरम्मत के कार्य के अलावा टर्निंग प्वाइंट पर साइन बोर्ड 2800 मीटर लोहे की रेलिंग, रोड मार्किंग, पुल पर कैट्स आई लगाए जा चुके हैं। इसके बाद हाईवे पर होने वाली दुर्घटनाओं में कमी आ सकेगी।
नेशनल हाईवे 124-सी पर सर्वे करके सुरक्षा उपकरणों एवं सुविधाओं को बढ़ाने का फैसला किया गया है। कई उपकरण एवं सुविधाएं हाईवे पर हो चुकी है। शेष सुविधाओं को बढ़ाने के लिए आगे भी काम किया जाएगा। मोड़ और खाई गड्ढे के किनारे लोहे की रेलिंग लगाने का काम लगभग अंतिम चरण में है। - अमित कुमार, जेई एनएचएआई वाराणसी