धर्म संसद जैसे कार्यक्रमों पर रोक लगाने समेत अन्य मांगों को लेकर वामपंथी दलों के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को सरजू पांडेय पार्क में धरना दिया। इस दौरान वक्ताओं ने सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए कहा कि जीएसटी दर बढ़ाकर जनता पर महंगाई थोप दी गई है। जरूरी उपभोग की वस्तुओं के दाम दस गुना बढ़ गए हैं।
वक्ताओं ने जीएसटी दर कम करने, लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता और संविधान की रक्षा तथा गरीबों-मजदूरों की रोजी-रोटी आजीविका बचाने के लिए प्रतिरोध संघर्ष तेज करने का आह्वान किया। कहा कि धर्म संसद के नाम पर नफरत भरी बयानबाजी के जरिए जनता के ज्वलंत मुद्दों को दरकिनार कर राजनीतिक रोटी सेंकने की कोशिश की जा रही है। वक्ताओं ने भड़काऊ भाषण देकर माहौल बिगाड़ने वालों को विधानसभा चुनाव में सबक सिखाने का आह्वान किया। अंत में राष्ट्रपति को संबोधित तीन सूत्रीय एवं राज्यपाल को संबोधित 12 सूत्रीय मांग पत्र नायब तहसीलदार सदर को सौंपा।
धरना सभा को भाकपा माले के जिला सचिव रामप्यारे राम, भाकपा के जिला सचिव अमेरिका सिंह यादव, माकपा के जिला सचिव विजयबहादुर सिंह, पूर्व विधायक राजेंद्र यादव, जनार्दन राम, योगेंद्र यादव, योगेंद्र भारती, राजेश वनवासी, मंजू गोंड, राम शुक्ला, डॉ. रामबदन सिंह, विरेंद्र गौतम, शकुंतला देवी, किरन देवी ने संबोधित किया।