सुहवल। तकनीकी खराबी के नाम पर हो रही अघोषित कटौती ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। शनिवार की सुबह करीब सात बजे आपूर्ति हुई लेकिन दस बजे अचानक ट्रांसमिशन लाइन में तकनीकी खराबी आने से ढढ़नी एवं सुहवल स्थित ताड़ीघाट उपकेंद्र के अंतर्गत आने वाले कई गांवों की आपूर्ति ठप हो गई। काफी मशक्कत के बाद दस घंटे बाद आठ बजे आपूर्ति चालू होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली।
आपूर्ति ठप होने से सुहवल, रमवल, सोनवल, खजुहा, मलसा, इजरी, भगीरथपुर, बहलोलपुर, युवराजपुर, डेढ़गांवा, गौरा, मेदिनीपुर, बवाड़ा, भिक्खीचौरा, पटकनिया, अंधारीपुर, ढढ़नी माधोपुर आदि गांव के लोगों को बिजली के अभाव में परेशानी का सामना करना पड़ा। उपभोक्ताओं की मानें तो यह कोई पहली बार नहीं है। आए दिन लोगों को इस समस्या से दो-चार होना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि शासन ने शहरी क्षेत्र में 24 घंटे, तहसील क्षेत्रों में 22 एवं ग्रामीण इलाकों में 18 घंटे निर्बाध आपूर्ति को लेकर सख्त निर्देश दिए हैं लेकिन विभाग शासन की इस मंशा पर पानी फेरता नजर आ रहा है। दिन हो या रात बिजली कब आती है और कब चली जाती, इसका कोई पता नहीं है। विद्युत विभाग जमानिया के उपखंड अधिकारी विजय यादव ने कहा कि तकनीकी खराबी से समस्या हो जाती है। उपभोक्ताओं तक समय से निर्बाध आपूर्ति को लेकर विभाग हमेशा तत्पर रहता है। देर रात मरम्मत के बाद आपूर्ति बहाल कर दी गई है।