गाजीपुर। जिले के कासिमाबाद विकास खंड क्षेत्र के गंगौली गांव के छह प्रशिक्षित दर्जियों को प्रधानमंत्री गणतंत्र दिवस पर दिल्ली स्थित राजपथ पर सम्मानित करेंगे। यह जानकारी मिलते ही गंगौली गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। गंगौली पहला ऐसा गांव बनने जा रहा है, जहां के छह लोग के साथ सम्मान पाकर नाम रोशन करेंगे।
प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के तहत गंगौली गांव के फिरोज अहमद, फातिमा खातून, मोहम्मद वजीर, जरीना बेगम, आलमगीर और शगुफ्ता बानो ने दर्जी का प्रशिक्षण प्राप्त किया। करीब 20 दिन पहले एमएसएमई ( सूक्ष्म एवं उद्योग) की ओर से फोन करके सम्मानित करने की जानकारी इन्हें दी गई। यही नहीं सभी चयनित लोगों को दिल्ली जाने के लिए टिकट भी उपलब्ध कराया गया। ये लोग बुधवार की शाम वाराणसी से वंदे भारत ट्रेन से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। बृहस्पतिवार को करीब शाम चार बजे दिल्ली पहुंचे, जहां से उन्हें वाहन से होटल तक लाया गया। दिल्ली पहुंचने के बाद प्रशिक्षण प्राप्त दर्जियों के चेहरे पर मुस्कान तो प्रधानमंत्री से मिलने का उत्साह साफ झलक रहा था।
प्रधानमंत्री के हाथों सम्मानित होने की सूचना मिलते ही मन खुशी से झूम उठा। पहली बार प्रधानमंत्री के हाथों सम्मानित होने का अवसर मिलेगा।- फिरोज अहमद, गंगौली
मेरी जिंदगी का यह सबसे बड़ा पल होने जा रहा है। कभी सपने में भी नहीं सोची थी कि प्रधानमंत्री के हाथों सम्मानित होने का मौका मिलेगा।- फातिमा खातून, गंगौली
मेरे परिवार और मेरे लिए यह काफी सुखद पल है। मेरे पूरे परिवार में खुशी का माहौल है। कभी मन में ख्याल नहीं आया था कि ऐसा होगा।- मोहम्मद वजीर, गंगौली
जैसे ही सूचना मिली कि प्रधानमंत्री मुझे सम्मानित करेंगे, तो एक पल के लिए विश्वास ही नहीं हुआ कि ऐसा हकीकत में होने जा रहा है। -जरीना बेगम, गंगौली
यह मेरे और मेरे परिवार के लिए बहुत बड़ी खुशी की बात है कि प्रधानमंत्री अपने हाथों से सम्मानित करेंगे। पहली बार प्रधानमंत्री से मिलने का मौका मिलेगा।- आलमगीर
प्रधानमंत्री के हाथों सम्मानित होना बहुत बड़ी बात है। इस पल को मैं कभी नहीं भूल पाउंगी। मैं बेहद खुश हूं जो पीएम ने मुझे इस काबिल समझा।- शगुफ्ता बानो
सीएससी के स्टेट मैनेजर ने किया निरीक्षण
केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना का रजिस्ट्रेशन एवं प्रशिक्षण के लिए प्रेरित करने का कार्य सीएससी के माध्यम से किया जा रहा है। बृहस्पतिवार को सीएससी के स्टेट मैनेजर अविनाश मिश्रा की ओर से कृषि विज्ञान केंद्र में चल रहे ट्रेनिंग का निरीक्षण किया। इस दौरान दिशा-निर्देश दिया गया। उन्होंने बताया की पायलट प्रोजेक्ट में जनपद में ट्रेनिंग प्रारंभ हुआ था। प्रथम चरण के छह दर्जी ट्रेड के प्रशिक्षित लोगों को गणतंत्र दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री की ओर से उनको सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया जाएगा।
प्रशिक्षण के दौरान मिलेगा पारिश्रमिक
सीएससी के जिला प्रबंधक शिवानंद उपाध्याय ने बताया कि योजना में 18 ट्रेड के लाभार्थियों कवचधारी, नाई, टोकरी निर्माता, चटाई निर्माता, लोहार, नाव बनाने वाला, बढ़ई, मोची, खिलौने बनाने वाला, मछली पकड़ने का जाल बनाने वाला, सुनार, हैमर और टूलकिट निर्माता, ताला बनाने वाला. माला बनाने वाला, राजमिस्त्री, कुम्हार, मूर्तिकार, दर्जी, धोबी का प्रशिक्षण प्राप्त कर कम दर पर बैंक से लोन प्राप्त कर अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं। केवल पांच प्रतिशत ब्याज पर उनको लोन मिलेगा। प्रशिक्षण के दौरान उनको रहने-खाने की व्यवस्था के साथ प्रतिदिन के हिसाब से 500 रुपए भी मिलना तय है। प्रशिक्षण छह दिन का होता है। अभी तक जनपद में लगभग 24000 लोगों रजिस्ट्रेशन हो चुका है।