गाजीपुर। पांच दिन चली यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा में कुल 50 हजार परीक्षार्थियों में से 19 हजार अनुपस्थित रहे। इस बार परीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था कड़ी थी। जबकि फरवरी में आयोजित परीक्षा में 72 हजार परीक्षार्थियों में केवल 3,677 परीक्षार्थी अनुपस्थित थे। उस दौरान नकल कराने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए पुलिस टीम ने आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया था। हालांकि परीक्षा रद्द कर दी गई।
पहले उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती परीक्षा जनपद में 17 और 18 फरवरी को कराई गई थी। 45 केंद्र बने थे लेकिन परीक्षा के ठीक पहले नोनहरा और नंदगंज पुलिस की संयुक्त टीम ने नकल कराने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया था। नोनहरा थाना क्षेत्र के मिरदादपुर से आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। छह लाख रुपये, 21 लाख रुपये का चेक, भारी मात्रा में कूटरचित दस्तावेज तथा मोबाइल/इलेक्ट्रानिक डिवाइस बरामद हुए थे। इसके बाद परीक्षा के दूसरे दिन पांच साॅल्वर और अभ्यर्थी समेत कुल नौ लोगों को गिरफ्तार किया था। दो दिन हुई परीक्षा में पहले दिन 1322 और दूसरे दिन 2355 परीक्षार्थी अनुपस्थित हुए थे। हालांकि शासन ने इस परीक्षा को रद्द कर दिया था। इसके बाद अगस्त में नए सिरे से पांच दिनों में परीक्षा कराने का निर्णय हुआ। पुलिस ने अबकी आयोजित परीक्षा सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी, सेंटर की संख्या 45 से घटाकर 12 कर दिया गया। दो पालियों में अलग-अलग तिथि पर हुई परीक्षा में कुल 50 हजार 160 परीक्षार्थियों का सेंटर जनपद में था। इनमें से 31 हजार 14 परीक्षार्थी उपस्थित हुए जबकि 19 हजार 146 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।
अंतिम दिन 10032 परीक्षार्थियों में 3,536 अनुपस्थित रहे
गाजीपुर। जनपद के 12 केंद्रों पर शनिवार को अंतिम दिन पुलिस भर्ती परीक्षा आयोजित हुई। पहली पाली की परीक्षा सुबह 10 से 12 बजे तक आयोजित हुई। जबकि दूसरी पाली की परीक्षा अपराह्न तीन बजे से लेकर 5 बजे तक हुई। इस दौरान दोनों पालियों में 10032 परीक्षार्थियों में 3,536 अनुपस्थित रहे।
नोडल अधिकारी ज्ञानेंद्र के मुताबिक पहली पाली की परीक्षा में 1862 तो दूसरी पाली की परीक्षा में 1674 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। वहीं, डीएम आर्यका अखौरी और एसपी डॉ. ईरज राजा ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। वे सुभाष इंटर काॅलेज फतेउल्लाहपुर नंदगंज, शिव कुमार शास्त्री इंटर काॅलेज जंगीपुर, राजकीय पालिटेक्निक रौजा गाजीपुर, इंटर काॅलेज खालिशपुर गाजीपुर आदि परीक्षा केंद्रो पर गए। जहां सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिए और ड्यूटी में लगे हुए पुलिसकर्मियों को भर्ती बोर्ड द्वारा जारी गाइडलाइन के तहत आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
संबंधों वाले प्रश्नों ने किया परेशान
गाजीपुर। एक महिला की ओर इशारा करते हुए अशोक ने कहा, उसकी पोती मेरे भाई की इकलौती बेटी है। वो महिला अशोक से किस प्रकार से संबंधित है। इसी तरह दूसरे सवाल में पूछा गया कि एक तस्वीर की ओर इशारा करते हुए मधु ने अपनी सहेली कृष्णा से कहा, वो मेरे पिता की मां का इकलौता बेटा है। मधु का उस तस्वीर वाले व्यक्ति से क्या संबंध हैं। हाथीः श्रीलंका और कंगारू किस शब्द से संबंधित हैं। इस तरह के सवालों का जवाब देने में बड़ी संख्या में परीक्षार्थी गच्चा खा गए। वे बाहर आने पर इन प्रश्नों को लेकर चर्चाएं कर रहे थे।
गणित के सवालों में मेरा ज्यादातर समय चला गया। इसके बाद किसी तरह समय का प्रबंधन करते हुए शेष सवालों को हल किया। कुल मिलाकर परीक्षा संतोषजनक रही है। सफलता पाने के बार में प्रश्नपत्र का मिलान करने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।- संध्या, वाराणसी
हिंदी और व्याकरण से जुड़े ज्यादातर प्रश्नों को हल कर दिया। जबकि जीएस के प्रश्नों ने परेशान किया। कई सवाल पढ़े हुए थे। तैयारी की थी लेकिन कुछ और परिश्रम की जरूरत है। परीक्षा देकर संतुष्ट हूं। प्रियंका, अलवर
मेरा पेपर बढ़िया हुआ है, इसके लिए तैयारी पहले से ही कर रहे थे। 150 प्रश्न पूछे गए थे। पेपर में जीएस का स्तर कठिन था, उलझाने वाले प्रश्न थे लेकिन शेष प्रश्न संतुलित थे।- कृष्णकुमार शर्मा, सीकर
परीक्षा ठीक हुई है। परिणाम के बारे में अभी कुछ कह नहीं सकते। इस तरह की परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों को जीएस की तैयारी अच्छे से करके आना चाहिए। तैयारी बेहतर रहेगी तो सफलता पाई जा सकती है।- सलोनी, वाराणसी