जिला जेल में बंद बंदियों पर शिकंजा कसने के मकसद से शनिवार की देर शाम जिलाधिकारी नरेंद्र सिंह पटेल और एसपी डा. उमेश चंद्र श्रीवास्तव ने दलबल के साथ जिला जेल में आकस्मिक छापा मारा।
इस दौरान जेल की सभी बैरकों को खंगालते हुए एक-एक बंदी की सघन तलाशी भी ली गई। एसपी का दावा है कि तलाशी में कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली। पुलिस प्रशासन की इस कार्रवाई से जेल में हड़कंप मचा रहा।
जेलों में बंद खूंखार बंदी अंदर से ही अपना नेटवर्क चलाते हैं। समय-समय पर इसकी शिकायतें मिलती हैं। इसको देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से तरह-तरह की कवायदें की जा रही हैं। इसी कड़ी में शनिवार को जिलाधिकारी और एसपी ने पुलिस प्रशासन की कुल चार टीमें गठित की, जिसमें एएसपी सिटी सुनील कुमार सिंह, सीओ सिटी कमल किशोर, एडीएम मुरलीधर मिश्र, सदर एसडीएम एके सिंह सहित कई थानों के थानाध्यक्ष शामिल थे।
गठित चारों टीम के साथ जिलाधिकारी और एसपी ने जेल में छापा मारा। इसके बाद बैरकों को खंगालते हुए बंदियों की तलाशी शुरू कर दी गई। करीब डेढ़ घंटे तक जेल में छापेमारी की कार्रवाई चलती रही। इसके बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी जेल से बाहर आए। छापेमार कार्रवाई के बाबत पूछे जाने पर एसपी का कहना था कि यह आकस्मिक छापा मारा गया था लेकिन तलाशी के दौरान कोई आपत्तिजनक वस्तु हाथ नहीं लगी।