डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के आहवान पर जनपद के सरकारी चिकित्सालयों में तैनात फार्मासिस्ट, चीफ फार्मासिस्ट और फार्मेसी अधिकारियों ने अपनी11 सूत्रीय मांगों को लेकर मंगलवार से सदर अस्पताल परिसर में अनिश्चित कालीन हड़ताल शुरू किया। साथ ही शासन की ओर से मांगों के निराकरण पर ठोस कदम नहीं उठाए जाने पर नाराजगी व्यक्त की।
डॉ. जितेंद्र कुमार ने कहा कि फार्मासिस्ट अपनी मांगों के समर्थन में कुछ दिन पहले सीएमओ कार्यालय परिसर में धरना प्रदर्शन कर सीएम को संबोधित मांगपत्र सीएमओं को सौंपा गया था। इसके बाद मांगों के समर्थन में बांह पर काली पट्टी बांधकर नाराजगी जताई गई। इसके बावजूद भी मांगों के निराकरण के लिए कोई ठोस कदम शासन की ओर से नहीं उठाया गया। कहा कि इसके बाद भी शासन की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया गया। इसको लेकर एसोसिएशन के सभी सदस्यों और पदाधिकारियों में नाराजगी व्याप्त है। अपनी मांगों के समर्थन में आज से सभी सरकारी अस्पतालों में तैनात फार्मासिस्टों ने अनिश्चित कालीन हड़ताल शुरू कर दिया। उन्होंने कहा कि अनिश्चित कालीन हड़ताल के साथ इमरजेंसी सेवा और पोस्टमार्टम कार्य भी पूर्ण रूप से बंद कर दिया गया है। डॉ. राजकुमार राय ने कहा कि जब- तक हमारी संपूर्ण 11 सूत्रीय मांगों को सरकार मान नहीं लेती है। तब-तक जिले के सरकारी अस्पतालों में तैनात फार्मासिस्ट, चीफ फार्मासिस्ट और फार्मेसी अधिकारी संघर्षरत रहेंगे। डॉ. मोहन प्रसाद ने कहा कि हड़ताल की वजह से आम जन को उत्पन्न होने वाली समस्याओं के लिए शासन और प्रशासन जिम्मेदार है। एसोसिएशन मांगों को लेकर संघर्ष जारी रखेगा। इस मौके पर प्रमुख रूप से डॉ. रमेश चंद्र, डॉ. बलिराम, डॉ. परवेज अख्तर, डॉ. विक्रमदेव दयाल, डॉ. सुभाष राम, डॉ. विजय कुमार श्रीवास्तव, डॉ. संजय श्रीवास्तव, डा. सिंधु राज सिंह, डॉ. राम सिंह, डॉ. रामद्वारिका, डॉ. अब्दुल सलाम, डॉ. बुद्घिलाल प्रसाद, डॉ. हिमालय गिरी, डॉ. लक्ष्मण प्रसाद, डॉ. एसपी यादव आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता डॉ. ओएन पांडेय ने किया।