गाजीपुर। नगसर हाल्ट थाना स्थित उजराडीह कंपोजिट विद्यालय में शनिवार को करंट लगने से मासूम की हुई मौत मामले में विभागीय जांच बैठा दी गई है। घटना के दूसरे दिन यह बात सामने आई कि पीड़ित और विद्यालय के प्रधानाध्यापक के बीच एक लाख रुपये का समझौता हो गया, जिसके मुताबिक पीड़ित पक्ष इस मामले में कोई कानूनी कार्रवाई नहीं करेगा। दूसरी ओर इस घटना से शिक्षा विभाग में हड़कंप मचा है। रविवार को छुट्टी के भी दिन जिला बेसिक अधिकारी हेमंत राव ने जिले के सभी बीईओ के साथ बैठक की। जिलेभर के विद्यालयों की सुरक्षा जांच की रिपोर्ट मांगी है। इसके लिए आठ जुलाई को सभी ब्लाक संसाधन केंद्र (बीआरसी) में शिक्षकों की बैठक बुलाई गई है।
गांव की ही रधनी (5) अपने भाइयों के साथ विद्यालय गई थी। हालांकि उसका नामांकन विद्यालय में नहीं हुआ था। दोपहर 12 से 1 बजे के बीच वो पानी पीने के लिए गई थी। वहां करंट लगने से उसकी मौत हो गई। इस मामले को दबाने का पूरा प्रयास किया गया और दोनों पक्षों में समझौता भी हो गया कि आठ जुलाई को विद्यालय के प्रधानाध्यापक एक लाख रुपये पीड़ित पक्ष को इस शर्त पर देंगे की वे कोई कानूनी कार्रवाई नहीं करेंगे। हालांकि देर शाम तक मामला जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी तक पहुंच गया और वे घटना स्थल पर गए। साथ ही इस मामले में लापरवाही के आरोप में प्रधानाध्यापक शेषनाथ सिंह, सहायक अध्यापक विनोद सिंह, शैलेंद्र राम, सुधीर कुमार सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया और शिक्षा मित्र शिवशंकर राय और शीला कुशवाहा का मानदेय रोक दिया। इसके अलावा संबंधित बीईओ से स्पष्टीकरण मांगते हुए देवकली के खंड शिक्षा अधिकारी उदयचंद्र राय को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। वहीं, मामला तूल पकड़ता देख दूसरे पक्ष ने रविवार को ही पीड़ित पक्ष को एक लाख रुपये दे दिए, जिसके गवाह पूर्व प्रधान समेत दस लोग बने। उधर, बीएसए ने ऐसी घटना न हो इसके लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों के साथ बैठक की। साथ ही विद्यालय सुरक्षा जांच की रिपोर्ट मांगी। इसमें यह बताना है कि विद्यालय से तालाब की दूरी कितनी है, हाईटेंशन तार गुजरा तो नहीं है। भूमिगत बिजली के तार तो नहीं गुजरे हैं, एमडीएम जहां बनाया वहां की व्यवस्था कैसी है, विद्यालय में रखे अग्निश्मन यंत्रों की क्या स्थिति है जैसे बिंदु शामिल हैं।
उजराडीह कंपोजिट विद्यालय की घटना दुखद है, जिसे संज्ञान में लेते हुई कार्रवाई की गई है। साथ ही विभागीय जांच भी कराई जा रही है। - हेमंत राव, बीएसए