राइफल क्लब में मंगलवार को जिला सलाहकार समिति और अन्य समितियों के विशेष उपसमिति की बैठक जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई। इसमें जिला सहकारी बैंक के जीएम के अनुपस्थित होने पर स्पष्टीकरण मांगा गया। जिलाधिकरी आर्यका अखौरी ने प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना एवं प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, अटल पेंशन योजना, प्रधानमत्री मुद्रा योजना समेत अन्य योजनाओं की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई। जिसमें एक अप्रैल 2022 से 30 सितंबर 2022 तक की प्रगति की जानकारी ली गई। इस दौरान अग्रणी जिला प्रबंधक शिव शंकर द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के बारे में विस्तारपूर्वक बताया गया।
जिलाधिकारी ने योजनाओं में लक्ष्य के सापेक्ष कम प्रगति वाले बैंकों के प्रति नाराजगी जताई और जिला सहकारी बैंक के जीएम के अनुपस्थित होने पर स्पष्टीकरण मांगा। कहा कि सभी बैंक सरकार प्रायोजित योजनाओं में अधिक से अधिक ऋण वितरित करें तथा अकारण पत्रावलियों को अस्वीकृत न करें। उन्होंने ऋण जमानुपात को 45 तक बढ़ाने के लिए सभी बैंकों को मोनीटेरेबल एक्शन प्लान बनाने के लिए निर्देश दिया। डीएम ने सरकार के प्राथमिकता क्षेत्र कृषि, संबंधित आधारभूत संरचनाएं सूक्ष्म, लघु और मंझोले उद्यम और निर्यात आदि के क्षेत्रों में ऋण वितरण के लिए नाबार्ड द्वारा तैयार की गई ऋण योजना का अनावरण किया। नाबार्ड ने वित्तीय वर्ष 2023-24 के लिए जिले के सभी बैंकों द्वारा इन प्राथमिकता वाले क्षेत्रों को प्रदान किए जाने के लिए 3051 करोड़ रुपये के ऋण संभावना का आकलन किया है।
डीडीएम नाबार्ड ने कृषि अवस्थापना निधि के तहत बैंकों को ज्यादा से ज्यादा ऋण वितरित करने के लिए कहा। जिले में रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के तहत सभी बैंकों को ऋण वितरित करने के लिए कहा गया। साथ ही कृषि अवस्थापना निधि के तहत केंद्र सरकार की ओर से तीन प्रतिशत का ब्याज पर अनुदान है। कृषक उत्पादक संघों के द्वारा कार्यशील पूंजी (वर्किंग कैपिटल) के लिए राज्य सरकार की योजना के तहत पांच लाख तक के बैंक लोन पर कृषि विभाग द्वारा तीन प्रतिशत का ब्याज अनुदान दिया जाएगा।
डीडीएम नाबार्ड ने अवगत कराया कि जिले के बैंकों को वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम का कैंप लगाकर, सभी योजनाओं के प्रति लोगों में जागरूकता लाने के लिए, सभी बैंकों को कैंप लगाने के लिए नाबार्ड के द्वारा सहायता राशि प्रदान की गई है। डीडीएम नाबार्ड ने बताया कि बड़ौदा यूपी ग्रामीण बैंक और जिला सहकारी बैंक को मोबाइल एटीएम वैन प्रदान किए गए हैं। इससे दूरदराज के इलाकों में रहने वाले ग्रामीण, एटीएम कार्ड का प्रयोग करके इस मोबाइल एटीएम से पैसे निकाल सकते हैं। डीडीएम नाबार्ड ने कृषि विभाग से अनुरोध किया कि मधुमक्खी पालन के लिए वर्किंग कैपिटल का वित्त मान निर्धारित करें जिससे इस कार्य से जुड़े किसानों को लाभ मिल सकें।