किसानों की फसलों को हरी-भरी रखने वाली माइनर ही उनकी हरियाली छीन रही है। पिछले दिनों एक तरफ जहां माइनर ओवर फ्लो होने से भदौरा क्षेत्र में दर्जनों बीघे गेहूं की फसल पानी में डूबकर बर्बाद हो गई थी, वहीं बुधवार की रात दरौली-दिलदारनगर माइनर ओवर फ्लो होने से करीब 25 बीघा गेहूं की फसल पूरी तरह से जलमग्न हो गई। काफी प्रयास के बाद भी किसानों द्वारा पानी को न रोक पाने को लेकर उनमें संबंधित विभाग के प्रति रोष था।
पिछले कई दिनों से दरौली-दिलदारनगर माइनर में पूरी रफ्तार से पानी आ रहा है। मंगलवार की देर पानी का रफ्तार और बढ़ गया। इसकी वजह ओवर फ्लो होकर माइनर का पानी निरहूकापुरा प्राइमरी विद्यालय के सड़क से होकर आसपास के खेतों में जाने लगा। जैसे-जैसे रात बीतती गई, वैसे-वैसे खेतों में पानी का लेवल बढ़ता गया। सुबह होते-होते जोगिंदर यादव, सूरज, गंगा विशुन, मुंसीफ, शिवमंगल, मथुरा, वीरेंद्र, सुग्रीव, उदयनारायण सहित अन्य किसानों को करीब 25 बीघे गेहूं की फसल पूरी तरह से पानी से जलमग्न हो गई।
जिन लोगों की फसलें पानी से घिरी थी, वह दौड़कर मौके पर पहुंचे। आनन-फानन में वे माइनर पर मेढ़ बांधने में जुट गए। पानी को रोकने के लिए किसान मेढ़ बांधते रहे और वह पानी के दबाव के दबाव से टूटता रहा था। काफी मशक्त के बाद किसानों को मेढ़ बांधने में सफलता मिली, लेकिन गुरुवार शाम 3 बजे तक धीमी गति पानी ओवर फ्लो होता रहा। किसानों ने इसकी सूचना जेई जमानिया को दिया। खेत में पानी घुसने को लेकर किसानों में रोष था। उनका आरोप था कि विभाग की लापरवाही का खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है। पानी की वजह से उनकी फसल बर्बाद हो जाएगी। पीडि़त किसानों संबंधित विभाग के मुआवजा की मांग की है।