गाजीपुर। कोरोना काल में लोगों की पीड़ा और दर्द को दूर करने के लिए स्वास्थ्य विभाग के साथ स्वयंसेवी संस्थाएं आगे आई हैं। ऐसी ही एक संस्था यूथ रूरल एंटरप्रेन्योर फाउंडेशन और केरल की अम्मा फाउंडेशन ने स्वास्थ्य विभाग को स्वास्थ्य सुरक्षा संसाधनों से युक्त एक बस भेजा है। यह जगह-जगह कैंप लगाकर लोगों के इलाज के साथ ही कोविड-19 की भी जांच करेगी। बस और एंबुलेंस को जिलाधिकारी ने ट्रामा सेंटर भवन के पास से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने बताया कि महामारी के वक्त संस्था ने स्वास्थ्य विभाग को एक बड़ा सहयोग दिया है। जिलाधिकारी ने आर्थिक रूप से सक्षम लोगों से भी इस नेक काम में आगे आने का आह्वान किया है। सीएमओ डॉ. जीसी मौर्य ने बताया कि इस बस में विभाग को डीप फ्रीजर जिसमें केमिकल रखा जाएगा, सेंट्रीफ्यूज मशीन जिसमें ब्लड की जांच की जाती है, ऑटो एनालाइजर मशीन, बायोकेमेस्ट्री एनालाइजर के साथ ही 7000 लीटर का ऑक्सीजन सिलेंडर, पोर्टेबल वेंटीलेटर, अल्ट्रासाउंड मशीन, एग्जामिनेशन ट्राली, ईसीजी मशीन, डिजिटल एक्स-रे मशीन, टेलीमेडिसिन के यंत्र, ऑक्सीजन मॉनिटर, बीपी, पल्स मशीन के साथ ही हृदय रोगियों के लिए कार्डियकस मशीन रहेगी। अब यह जीवन रक्षक यंत्रों से सुसज्जित बस ग्रामीण इलाकों में जाकर लोगों का एंटीजन किट से कोविड-19 जांच, आरटीपीसीआर जांच के साथ ही बीमारियों की जांच और जरूरत पड़ने पर ओपीडी के रूप में भी कार्य करेगी। बस में कोविड-19 की मेडिकल किट भी उपलब्ध है जिन मरीजों की जांच के बाद पॉजिटिव रिपोर्ट आएगी तो उन्हें सिम्पटम के अनुसार होम आइसोलेशन या फिर जिला अस्पताल में एडमिट किया जाएगा। ऐसे मरीजों को मेडिकल किट तत्काल उपलब्ध कराया जाएगा ताकि उनका तत्काल इलाज शुरु हो सके।